मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सिंगल क्लिक से आजीविका मार्ट, रिटेल आउटलेट और होली मेलों का किया शुभारंभ
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सिंगल क्लिक से ग्वालियर में आजीविका मार्ट, जबलपुर एयरपोर्ट रिटेल आउटलेट और होली मेलों का शुभारंभ किया. एमपीएसआरएलएम के तहत कई महत्वपूर्ण एमओयू भी किए गए।
भोपाल में मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रदेश में महिला स्व-सहायता समूहों और ग्रामीण आजीविका को सशक्त बनाने की दिशा में कई महत्वपूर्ण पहल की. मुख्यमंत्री ने सिंगल क्लिक के माध्यम से ग्वालियर में आजीविका मार्ट, जबलपुर एयरपोर्ट पर स्व-सहायता समूह द्वारा संचालित रिटेल आउटलेट और संभाग और जिला स्तरीय होली मेलों का शुभारंभ किया.

इसके साथ ही उन्होंने प्राकृतिक खेती प्रशिक्षण मॉड्यूल पुस्तिका का विमोचन किया और MPSRLM के तहत अलग- अलग संस्थाओं के साथ कई जरूरी MOU पर हस्ताक्षर किए. मुख्यमंत्री ने सिंगल क्लिक से ग्वालियर में आजीविका मार्ट की शुरूआत की. इस मार्ट के जरिए से स्व-सहायता समूहों के तैयार उत्पादों को बाजार उपलब्ध होगा, जिससे महिलाओं की आय में वृद्धि होगी और स्थानीय उत्पादों को पहचान मिलेगी.
जबलपुर एयरपोर्ट पर रिटेल आउटलेट की शुरुआत
मुख्यमंत्री ने सिंगल क्लिक से जबलपुर एयरपोर्ट पर स्व-सहायता समूह द्वारा संचालित रिटेल आउटलेट का शुभारंभ किया. यह आउटलेट प्रदेश के हस्तशिल्प एवं स्थानीय उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय यात्रियों तक पहुंचाने में सहायक होगा.
होली मेलों का शुभारंभ

मुख्यमंत्री ने प्रदेश के संभाग एवं जिला स्तरीय होली मेलों का भी सिंगल क्लिक से शुभारंभ किया. इन मेलों में महिला समूहों को अपने उत्पादों के प्रदर्शन और विक्रय का अवसर मिलेगा.
प्राकृतिक खेती को बढ़ावा
मुख्यमंत्री ने प्राकृतिक खेती प्रशिक्षण मॉड्यूल पुस्तिका का विमोचन करते हुए कहा कि प्राकृतिक खेती से किसानों की लागत घटेगी और आय में वृद्धि होगी. यह मॉड्यूल किसानों को वैज्ञानिक एवं व्यवहारिक प्रशिक्षण प्रदान करेगा.
MPSRLM के साथ महत्वपूर्ण एमओयू
ग्रामीण महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण को गति देने के लिए निम्न एमओयू किए गए. एमपीएसआरएलएम और इंडिया पोस्ट के मध्य समझौता. एमपीएसआरएलएम एवं अमेजॉन सहेली के मध्य ई-मार्केटिंग सेवा हेतु एमओयू महिला किसान उत्पादक कंपनियों की क्षमतावर्धन एवं मार्केटिंग सहयोग हेतु एमपीएसआरएलएम एवं एक्सेस डेवलपमेंट के मध्य एमओयू. एमपीएसआरएलएम एवं बुद्धा इंस्टिट्यूट के मध्य एमओयू. इन समझौतों से महिला स्व-सहायता समूहों को ई-कॉमर्स, लॉजिस्टिक्स, मार्केटिंग और कौशल विकास में सहयोग मिलेगा.
सामुदायिक स्त्रोत व्यक्तियों का सम्मान
मुख्यमंत्री ने 5 सामुदायिक स्त्रोत व्यक्तियों मीनाक्षी, स्वरूपी मीणा, चिंतामणि पाटीदार और विनीता घोष को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया. उन्होंने कहा कि ये महिलाएं ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं और प्रदेश में आत्मनिर्भरता का उदाहरण प्रस्तुत कर रही हैं. मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि इन पहलों से महिला स्व-सहायता समूहों की आय में वृद्धि होगी और मध्यप्रदेश आत्मनिर्भर ग्रामीण अर्थव्यवस्था की दिशा में अग्रसर होगा.
shivendra 
