CBSE ने मानी गलती: 12वीं के छात्र वेदांत को ‘पाकिस्तानी’ कहकर किया गया था ट्रोल

CBSE ने 12वीं के छात्र वेदांत श्रीवास्तव की फिजिक्स आंसर शीट मामले में अपनी गलती स्वीकार कर ली है। गलत स्कैन कॉपी भेजे जाने के बाद वेदांत ने सोशल मीडिया पर आवाज उठाई थी, जिसके बाद उन्हें ‘पाकिस्तानी’ और ‘एंटी-नेशनल’ कहकर ट्रोल किया गया।

CBSE ने मानी गलती: 12वीं के छात्र वेदांत को ‘पाकिस्तानी’ कहकर किया गया था ट्रोल

सेंट्रल बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजुकेशन (CBSE) की 12वीं की परीक्षा के नतीजों के बाद सोशल मीडिया पर उपजा वेदांत श्रीवास्तव विवाद अब शांत हो गया है। सीबीएसई ने आधिकारिक तौर पर अपनी गलती स्वीकार करते हुए पीड़ित छात्र वेदांत को उसकी सही आंसर शीट भेज दी है। इस पूरे मामले में सबसे शर्मनाक मोड़ तब आया था, जब अपनी मार्कशीट में गड़बड़ी के खिलाफ आवाज उठाने वाले 17 साल के भारतीय छात्र को सोशल मीडिया पर पाकिस्तानी और एंटी-नेशनल कहकर बेरहमी से ट्रोल किया गया।

CBSE ने एक्स (ट्विटर) पर मांगी माफी, सुधारा रिजल्ट..
सोमवार रात सीबीएसई ने अपने आधिकारिक एक्स हैंडल से एक पोस्ट शेयर कर मामले पर सफाई दी और गलती मानी। सीबीएसई ने लिखा: डियर वेदांत, फिजिक्स आंसर शीट को लेकर जो आपकी चिंता थी, उस पर हमारा ध्यान दिलाने के लिए धन्यवाद। समीक्षा के बाद मामले की जांच कर ली गई है और आपकी आंसर शीट की सही कॉपी आपके रजिस्टर्ड ईमेल पते पर भेज दी गई है। साथ ही, आवश्यकतानुसार आपके परिणाम को अपडेट करने की प्रक्रिया भी की जा रही है।

क्या था पूरा विवाद..
12वीं का रिजल्ट आने के बाद पटना के छात्र वेदांत श्रीवास्तव अपने फिजिक्स के नंबरों से संतुष्ट नहीं थे। उन्होंने सीबीएसई की री-इवैल्यूएशन (पुनर्मूल्यांकन) प्रक्रिया के तहत आंसर शीट की स्कैन कॉपी के लिए अप्लाई किया। जब वेदांत को कॉपी मिली, तो वे हैरान रह गए। अपलोड की गई आंसर शीट उनकी थी ही नहीं, यहाँ तक कि हैंडराइटिंग भी मैच नहीं कर रही थी। इसके बाद वेदांत और उनके भाई सिद्धांत श्रीवास्तव ने इस गड़बड़ी का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर डाल दिया, जो देखते ही देखते वायरल हो गया।

लोकेशन साउथ एशिया होने पर बना दिया पाकिस्तानी..
वेदांत के भाई सिद्धांत श्रीवास्तव ने समाचार एजेंसी पीटीआई (PTI) से बात करते हुए बताया कि वीडियो वायरल होने के बाद मदद मिलने के बजाय उनकी भयानक ट्रोलिंग शुरू हो गई। दरअसल, वेदांत के एक्स (ट्विटर) अकाउंट की प्रोफाइल लोकेशन में साउथ एशिया (दक्षिण एशिया) लिखा हुआ था। आईटी सेल और कुछ दक्षिणपंथी सोशल मीडिया हैंडलर्स ने इसी बात को पकड़कर 17 साल के छात्र को 'पाकिस्तानी', 'सोरोस का एजेंट' और 'देशद्रोही' तक घोषित कर दिया। सिद्धांत ने दर्द बयां करते हुए कहा, मैंने तो यही पढ़ा है कि साउथ एशिया में पाकिस्तान के अलावा भारत, बांग्लादेश, नेपाल और श्रीलंका भी आते हैं। लेकिन बड़े न्यूज़ एंकर्स तक ने बिना वेरीफाई किए हमें पाकिस्तानी कहना शुरू कर दिया।

डीडी न्यूज़ के एंकर ने ट्वीट डिलीट कर मांगी माफी..
छात्र को पाकिस्तानी बताने वालों में दूरदर्शन (DD News) के सीनियर एंकर अशोक श्रीवास्तव भी शामिल थे। उन्होंने वेदांत की प्रोफाइल का स्क्रीनशॉट लेकर ट्वीट किया था- क्या पाकिस्तानियों ने भी सीबीएसई के एग्ज़ाम्स दिए हैं.हालांकि, जब सीबीएसई ने अपनी गलती मान ली, तो बैकफुट पर आए एंकर अशोक श्रीवास्तव ने अपना ट्वीट डिलीट किया और माफी मांगते हुए लिखा, "मैं अपना पुराना ट्वीट डिलीट कर रहा हूं और वेदांत और उनके परिवार के बारे में जो ग़लत जानकारी फैलाई गई, उसके लिए मैं उनसे माफ़ी भी मांगता हूं।

राहुल गांधी और प्रियंका चतुर्वेदी ने सरकार को घेरा..
सीबीएसई की इस भारी लापरवाही और छात्र की ट्रोलिंग को लेकर विपक्षी नेताओं ने केंद्र सरकार और शिक्षा मंत्रालय पर तीखा हमला बोला।

राहुल गांधी ने एक्स पर लिखा, मोदी-प्रधान की जोड़ी ने एक और संस्था को धांधली का प्रतीक बना दिया। एक 17 साल का बच्चा न्याय की उम्मीद में सोशल मीडिया पर आया, मगर उसे मदद नहीं, गालियाँ मिलीं- बीजेपी के आईटी सेल ने उसे एंटी-नेशनल कहा। एक बच्चा अपने भविष्य के लिए आवाज़ उठाता है और यह बीजेपी उसे देशद्रोही बना देती है।

प्रियंका चतुर्वेदी (शिवसेना) ने नाराजगी जताते हुए कहा, शर्म आनी चाहिए उन लोगों को जो एक छात्र पर और मानसिक दबाव डाल रहे हैं, सिर्फ इसलिए कि वे एक नाकाम शिक्षा मंत्री और उतने ही नाकाम अफ़सरों का बचाव करना चाहते हैं।

सिस्टम को ग्राउंड लेवल से दुरुस्त करने की मांग..
अब न्याय मिलने के बाद वेदांत का परिवार खुश है, लेकिन उन्होंने सरकार को एक बड़ी सीख भी दी है। वेदांत के भाई सिद्धांत ने कहा कि सरकार को ग्राउंड लेवल से इन कमियों को दुरुस्त करना चाहिए ताकि किसी भी अन्य छात्र को अपने हक के लिए इस तरह के मानसिक उत्पीड़न और ट्रोलिंग का सामना न करना पड़े।