अवैध निर्माण मामले में सुप्रीम कोर्ट की सख्ती, जांच समिति पर रोक; नगर निगम बोला- कार्रवाई करना चाहते हैं, लेकिन हाथ बंधे हैं

अवैध निर्माण मामले में सुप्रीम कोर्ट ने मध्य प्रदेश सरकार की 10 सदस्यीय जांच समिति पर रोक लगा दी। नगर निगम ने कोर्ट में कहा कि कार्रवाई करना चाहते हैं, लेकिन उनके हाथ बांधे जा रहे हैं।

अवैध निर्माण मामले में सुप्रीम कोर्ट की सख्ती, जांच समिति पर रोक; नगर निगम बोला- कार्रवाई करना चाहते हैं, लेकिन हाथ बंधे हैं

भोपाल। अवैध निर्माण से जुड़े मामले में सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई के दौरान नगर निगम और मध्य प्रदेश सरकार को लेकर सख्त रुख अपनाया है. कोर्ट ने मध्य प्रदेश शासन द्वारा गठित 10 सदस्यीय जांच समिति की कार्रवाई पर रोक लगा दी है. साथ ही, सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया कि उसके आदेश पर चल रही जांच में किसी भी तरह का हस्तक्षेप स्वीकार नहीं किया जाएगा.

सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने मध्य प्रदेश हाईकोर्ट द्वारा दुकान संचालकों को दिए गए राहत (स्टे) संबंधी आदेशों को भी निरस्त कर दिया. वहीं, राज्य शासन की ओर से पैरवी कर रही अधिवक्ता को भी कोर्ट ने कड़ी फटकार लगाई.

नगर निगम बोला- हाथ बंधे हैं

इधर, नगर निगम की ओर से अदालत में कहा गया कि वह अवैध निर्माण के खिलाफ कार्रवाई करना चाहता है, लेकिन उसके "हाथ बांधे जा रहे हैं", जिससे प्रभावी कार्रवाई नहीं हो पा रही है.  अब इस मामले की अगली सुनवाई 15 सितंबर को होगी. इस दौरान सुप्रीम कोर्ट के समक्ष जांच की प्रगति और मामले से जुड़े अन्य पहलुओं पर सुनवाई होने की संभावना है.