Indore: ब्यूटीशियन की मौत का खुलेगा राज, पढ़ें इंदौर क्राइम की आज की खबरें
नवविवाहिता की आत्महत्या मामले में दहेज प्रताड़ना का केस, चंदर लोहार हत्याकांड में 2 आरोपी गिरफ्तार, बैंक खाते किराए पर लेकर साइबर फ्रॉड करने वाले 4 आरोपी पकड़ाए, म्यूल बैंक खातों की खरीद-फरोख्त का खुलासा
ब्यूटीशियन की मौत, कारोबारी से पूछताछ
इंदौर के तिलक नगर थाना क्षेत्र स्थित एलेक्स होटल में दो दिन पहले महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के मामले में पुलिस जांच जारी है। मृतका की पहचान सोनिला के रूप में हुई है। तबीयत बिगड़ने के बाद उसे अस्पताल ले जाया गया था, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस अब उसके साथ होटल में मौजूद दीपक खंडेलवाल के बयान की भी जांच कर रही है। दरअसल पुलिस के मुताबिक, सोनिला और दीपक के बीच लंबे समय से संबंध थे। पूछताछ में दीपक ने बताया कि उसकी पत्नी को दोनों के संबंधों की जानकारी हो गई थी, जिसके बाद वह सोनिला से दूरी बनाने लगा था।

आरोप है कि सोनिला लगातार मिलने का दबाव बना रही थी और आत्महत्या करने की धमकी भी दे रही थी। दीपक के अनुसार, घटना वाले दिन सोनिला ने ही होटल का कमरा बुक किया था और उसे वहां बुलाया था। सोनिला के होटल पहुंचने के बाद दीपक भी कमरे में पहुंचा। दीपक का कहना है कि जब वह वॉशरूम में गया, उसी दौरान सोनिला ने कमरे में फांसी लगाने का प्रयास किया। तबीयत बिगड़ने पर दीपक ने होटल कर्मचारियों की मदद से उसे अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। पुलिस दीपक के बयान की पुष्टि के साथ होटल के सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों की भी जांच कर रही है। मौत के वास्तविक कारणों को लेकर जांच जारी है।
नवविवाहिता की आत्महत्या मामले में दहेज प्रताड़ना का केस
इंदौर में 6 महीने पहले शादी हुई नवविवाहिता की आत्महत्या के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। जांच के दौरान दहेज प्रताड़ना के आरोप सामने आने के बाद पुलिस ने मृतका शालिनी मोरे के पति, सास और ससुर के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया है। वहीं पुलिस ने आरोपी पति लोकेश और उसके पिता को गिरफ्तार कर लिया है। दरअसल, कुछ दिनों पहले मल्हारगंज थाना क्षेत्र में नवविवाहिता शालिनी मोरे ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। घटना के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। जांच के दौरान पुलिस के सामने दहेज को लेकर प्रताड़ित किए जाने की बात सामने आई।

पुलिस के मुताबिक, शालिनी और लोकेश की शादी करीब छह महीने पहले हुई थी। आरोप है कि शादी के बाद से ही ससुराल पक्ष द्वारा शालिनी को दहेज के लिए लगातार परेशान किया जा रहा था। मानसिक प्रताड़ना से परेशान होकर शालिनी ने यह कदम उठाया। मामले की जांच के बाद मल्हारगंज पुलिस ने पति लोकेश, सास और ससुर के खिलाफ दहेज प्रताड़ना सहित संबंधित धाराओं में प्रकरण दर्ज किया है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए लोकेश और उसके पिता को गिरफ्तार कर लिया है। फिलहाल पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है और मामले से जुड़े अन्य तथ्यों की जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जांच के आधार पर आगे वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
चंदर लोहार हत्याकांड में दो आरोपी गिरफ्तार
इंदौर में गाय चोरी की शंका में चंदर लोहार की हत्या के मामले में पुलिस की कार्रवाई जारी है। पुलिस चार आरोपियों में से भूरू यादव और कुणाल यादव को पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है, जबकि सूरज जाट और दुर्गेश अब भी फरार हैं। इसी बीच सोशल मीडिया पर सूरज जाट के सरेंडर करने की खबर वायरल होने के बाद पुलिस ने इसे पूरी तरह फर्जी बताया है। दरअसल, लसूड़िया थाना क्षेत्र में कुछ दिन पहले हुए चंदर लोहार हत्याकांड में पुलिस ने अब तक दो आरोपियों भूरू यादव और कुणाल यादव को गिरफ्तार किया है। मामले के दो अन्य आरोपी सूरज जाट और दुर्गेश की तलाश में पुलिस की कई टीमें लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया पर सूरज जाट के पुलिस के सामने आत्मसमर्पण करने की खबर तेजी से वायरल हो रही थी।

पुलिस अधिकारियों ने इन खबरों का खंडन करते हुए स्पष्ट किया है कि सूरज जाट ने अब तक सरेंडर नहीं किया है। पुलिस ने सोशल मीडिया पर चल रही इस जानकारी को पूरी तरह झूठी और अफवाह बताया है। साथ ही पुलिस अब इस बात की भी जांच कर रही है कि आखिर यह अफवाह किसके द्वारा और किस उद्देश्य से फैलाई गई। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, अफवाह फैलाने वाले के खिलाफ भी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल लसुडिया थाना पुलिस फरार आरोपियों की तलाश जारी है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
बैंक खाते किराए पर लेकर साइबर फ्रॉड, 4 आरोपी गिरफ्तार
इंदौर पुलिस ने साइबर फ्रॉड के मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों पर लोगों के बैंक खाते किराए पर लेकर उनमें लाखों रुपये का अवैध लेन-देन कराने का आरोप है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से बड़ी संख्या में सिम कार्ड, एटीएम और बैंक पासबुक बरामद की हैं। जांच में करीब दो करोड़ रुपये के संदिग्ध लेन-देन की जानकारी सामने आई है। दरअसल, हीरानगर पुलिस को सूचना मिली थी कि कुछ लोग लोगों को झांसे में लेकर उनके नाम से बैंक खाते खुलवा रहे हैं और इन खातों का इस्तेमाल साइबर फ्रॉड की रकम के लेन-देन में किया जा रहा है। सूचना के आधार पर पुलिस ने दबिश देकर सुरेंद्र चौहान, मोहित उर्फ अनमोल कुशवाह, अमितेष रघुवंशी और श्याम रघुवंशी को गिरफ्तार किया।

आरोपियों के कब्जे से साइबर फ्रॉड में इस्तेमाल किए गए सैकड़ों सिम कार्ड, ATM और बैंक पासबुक जब्त की गई हैं। पुलिस के मुताबिक, खातों की जांच में करीब 2 करोड़ रुपये के लेन-देन की जानकारी मिली है, जिसमें 40-40 लाख रुपये के बड़े ट्रांजेक्शन भी सामने आए हैं। भारत सरकार के समन्वय पोर्टल से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने खातों के इस्तेमाल की पुष्टि की है। पुलिस के अनुसार, आरोपी पहले भी साइबर फ्रॉड के मामलों में जेल जा चुके हैं और उनके खिलाफ कई अपराध दर्ज हैं। न्यायालय से पुलिस रिमांड लेकर अब अन्य साइबर फ्रॉड और नेटवर्क से जुड़े लोगों की जानकारी जुटाई जा रही है।
मालिक के घर चोरी, CCTV में कर्मचारी कैद
इंदौर में चोरी का सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां एक कर्मचारी पर ही अपने मालिक के घर से लाखों रुपये चोरी करने का आरोप लगा है। परिवार के जबलपुर से लौटने के बाद चोरी का खुलासा हुआ। घर और आसपास लगे CCTV कैमरों की जांच की गई तो संदिग्ध कर्मचारी चोरी करते हुए नजर आया। पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी है। दरअसल, बाणगंगा थाना क्षेत्र में साई टूल्स प्राइवेट लिमिटेड में काम करने वाले दीपेश के मालिक का परिवार किसी काम से जबलपुर गया हुआ था। परिवार के वापस लौटने पर घर की अलमारी का लॉक टूटा मिला।

जांच करने पर अलमारी में रखी करीब 6 लाख 28 हजार रुपये की रकम में से 1.5 लाख रुपये गायब मिले। इसके बाद परिवार को घर में काम करने वाले कर्मचारी पर शक हुआ। जब घर और आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए तो कई सालों से नौकरी कर रहा घनश्याम चोरी करते हुए साफ नजर आया। आरोपी मूल रूप से उत्तर प्रदेश का रहने वाला बताया जा रहा है। पीड़ित की शिकायत पर बाणगंगा पुलिस ने चोरी की धाराओं में प्रकरण दर्ज कर लिया है। पुलिस ने CCTV फुटेज को जांच में शामिल करते हुए आरोपी घनश्याम की तलाश शुरू कर दी है। पुलिस अब आरोपी की गिरफ्तारी के साथ चोरी की रकम बरामद करने के प्रयास में जुटी है।
म्यूल बैंक खातों की खरीद-फरोख्त का खुलासा
इंदौर में साइबर और आर्थिक अपराधों के खिलाफ चलाए जा रहे ऑपरेशन मैट्रिक्स 2.0 के तहत विजयनगर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने म्यूल बैंक अकाउंट और फर्जी खातों की खरीद-फरोख्त करने वाले गिरोह के तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में सेविंग अकाउंट 15 से 20 हजार और करंट अकाउंट एक से डेढ़ लाख रुपये तक में बेचने का खुलासा हुआ है। दरअसल, इंदौर की विजय नगर पुलिस ने मुखबिर की सूचना परदिलीप कुशवाह, विश्वराज सिंह झाला और वंसराज मोदी को गिरफ्तार किया है।

प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया कि आरोपी दूसरे लोगों के नाम से संचालित बैंक खाते, ATM-डेबिट कार्ड और लिंक सिम की किट फ्रॉड करने वालों को उपलब्ध कराते थे। इन खातों का इस्तेमाल साइबर ठगी से प्राप्त रकम के ट्रांजेक्शन में किया जाता था। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से सात ATM-डेबिट कार्ड, छह सिम कार्ड, बैंक पासबुक, चेकबुक और मोबाइल फोन सहित डिजिटल साक्ष्य जब्त किए हैं। जांच में इन खातों में लाखों रुपये के संदिग्ध लेन-देन की जानकारी भी सामने आई है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ BNS और IT एक्ट की धाराओं में मामला दर्ज किया है। न्यायालय ने आरोपियों को पांच दिन की पुलिस रिमांड पर भेजा है। पुलिस अब नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और संदिग्ध खातों की जांच कर रही है।
Varsha Shrivastava 
