पोड़ी मत्स्य केंद्र में मछली बीज का बंपर उत्पादन: 53.98 लाख बीज की बिक्री, 2.5 करोड़ का लक्ष्य
मैहर के पोड़ी पोड़ी मत्स्य उत्पादन केंद्र में मछली बीज का बंपर उत्पादन, कई जिलों से पहुंच रहे खरीदार; अब तक 53.98 लाख बीज बिके
Maihar। जिले के ग्राम पोड़ी स्थित शासकीय मत्स्य उत्पादन केंद्र में इस वर्ष मछली बीज का बंपर उत्पादन हुआ है। केंद्र से कतला, रोहू और मृगल प्रजाति के मछली बीज की बिक्री अगस्त के अंतिम सप्ताह से शुरू की गई थी। अब तक करीब 53 लाख 98 हजार मत्स्य बीज की बिक्री हो चुकी है। विभाग ने इस वर्ष कुल 2.5 करोड़ मत्स्य बीज वितरण का लक्ष्य निर्धारित किया है।

सहायक मत्स्य अधिकारी एस.एस. बघेल ने बताया कि केंद्र पर मुख्य रूप से कतला, रोहू और मृगल प्रजाति के मछली बीज का मिक्स फ्राई तैयार कर मत्स्य पालकों को उपलब्ध कराया जा रहा है। मछली बीज की मांग को देखते हुए मैहर और अमरपाटन के अलावा रीवा सहित आसपास के जिलों से भी मत्स्य पालक और व्यापारी पोड़ी केंद्र पहुंच रहे हैं।
कई जिलों से पहुंच रहे खरीदार
मछली बीज खरीदने के लिए सागर, दमोह, पन्ना, रीवा, मऊगंज और जबलपुर सहित प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों से खरीदार केंद्र पहुंच रहे हैं। बड़ी संख्या में मत्स्य पालकों और व्यापारियों के पहुंचने से इन दिनों केंद्र में मछली बीज की बिक्री को लेकर काफी चहल-पहल बनी हुई है।

सरकारी दर पर मिल रहा मछली बीज
मत्स्य उत्पादन केंद्र पर मछली पालकों को निर्धारित सरकारी दर पर बीज उपलब्ध कराया जा रहा है। बिक्री के दौरान मत्स्य बीज अंतरण प्रमाण-पत्र की पर्ची भी जारी की जाती है, जिसमें बीज की प्रजाति, संख्या, निर्धारित दर और कुल राशि का विवरण दर्ज किया जाता है। इससे वितरण प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखने का प्रयास किया जा रहा है।

विभाग का मानना है कि बड़ी मात्रा में मत्स्य बीज की उपलब्धता और वितरण से जिले सहित आसपास के क्षेत्रों में मत्स्य पालन को बढ़ावा मिलेगा। इसके साथ ही मत्स्य पालकों की आय बढ़ने और स्थानीय स्तर पर रोजगार एवं आर्थिक गतिविधियों को गति मिलने की उम्मीद है।
Varsha Shrivastava 
