इंदौर में 21 लाख पौधे लगाने की तैयारी, दिग्विजय सिंह की पदयात्रा पर कैलाश विजयवर्गीय का बड़ा बयान
इंदौर में 'एक पेड़ माँ के नाम' अभियान 3.0 के तहत 21 लाख पौधे लगाने की तैयारी पूरी हो गई है। मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने बीएसएफ परिसर का निरीक्षण किया और दिग्विजय सिंह की पदयात्रा की सराहना करते हुए युवा नेताओं को जमीन से जुड़ने की सलाह दी।
इंदौर। देश के सबसे स्वच्छ शहर इंदौर को अब हरियाली के क्षेत्र में भी नई पहचान दिलाने की तैयारी शुरू हो गई है। 'एक पेड़ माँ के नाम' अभियान के तीसरे चरण के तहत इस बार जिले में 21 लाख से अधिक पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। अभियान की तैयारियों का जायजा लेने के लिए प्रदेश के नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने शनिवार को हातोद रोड स्थित सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के बुढ़ानिया परिसर का दौरा किया। यहां उन्होंने अधिकारियों के साथ वृक्षारोपण स्थल का निरीक्षण किया और अभियान की व्यवस्थाओं की समीक्षा की।
निरीक्षण के दौरान विजयवर्गीय ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आह्वान पर इंदौर लगातार बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण कर रहा है। उन्होंने कहा कि पहले चरण में 51 लाख से अधिक पौधे लगाए गए थे, जिनमें रेवती रेंज में 12.40 लाख पौधों का रोपण कर विश्व रिकॉर्ड बनाया गया। दूसरे चरण में करीब 15.5 लाख पौधे लगाए गए, जबकि इस वर्ष तीसरे चरण में 21 लाख से अधिक पौधे लगाने का लक्ष्य रखा गया है।
बीएसएफ की जमीन पर होगा एक लाख पौधों का रोपण
मंत्री ने बताया कि शहर में खाली जमीन सीमित होने के कारण इस बार वन विभाग और ग्रामीण क्षेत्रों की भूमि को अभियान में शामिल किया गया है। बीएसएफ ने भी अपनी पथरीली और अनुपयोगी जमीन वृक्षारोपण के लिए उपलब्ध कराई है, जहां एक लाख पौधे लगाए जाएंगे।
इसके अलावा देवगुराड़िया के पीछे स्थित दतूदा टेकरी पर करीब डेढ़ लाख, सिरपुर तालाब के पीछे एक लाख और राऊ तालाब की बाउंड्री क्षेत्र में 10 हजार पौधों का रोपण किया जाएगा। अभियान में स्थानीय नागरिकों के साथ बीएसएफ के जवान भी सक्रिय भागीदारी निभाएंगे। पौधों की बेहतर वृद्धि और संरक्षण को ध्यान में रखते हुए इस बार 6 से 10 फीट ऊंचाई वाले पौधे लगाए जाएंगे।
उन्होंने बताया कि अभियान के शुभारंभ कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल भी शामिल होंगे।
दिग्विजय सिंह की पदयात्रा पर क्या बोले विजयवर्गीय?
मीडिया से चर्चा के दौरान मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह की उज्जैन से अयोध्या तक की पदयात्रा को सकारात्मक बताया। उन्होंने कहा कि 80 वर्ष की उम्र में इतनी लंबी धार्मिक यात्रा करना आसान नहीं है और इसके लिए उनकी सराहना की जानी चाहिए।
उन्होंने कहा कि दिग्विजय सिंह आज भी सक्रिय राजनीति में ऊर्जा के साथ काम कर रहे हैं। युवा नेताओं को उनसे यह सीख लेनी चाहिए कि राजनीति केवल सोशल मीडिया या प्रचार तक सीमित नहीं होती, बल्कि लोगों के बीच जाकर उनकी समस्याओं को समझना भी उतना ही जरूरी है। उन्होंने कहा कि जनसंपर्क और जमीन से जुड़ाव ही किसी नेता की सबसे बड़ी ताकत होती है।
अन्य राजनीतिक सवालों पर साधी चुप्पी
पत्रकारों ने जब पदयात्रा में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) को आमंत्रित किए जाने को लेकर सवाल किया तो विजयवर्गीय ने कहा कि इस विषय पर संघ के जिम्मेदार पदाधिकारी ही उचित टिप्पणी कर सकते हैं।
वहीं, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी से जुड़े विवाद पर पूछे गए सवाल का जवाब देने से उन्होंने परहेज किया। उन्होंने कहा कि इस समय उनका पूरा ध्यान 'पेड़ लगाओ, पानी बचाओ' अभियान को सफल बनाने पर है और फिलहाल उनकी प्राथमिकता यही है।
Anubhav Dubey 
