जूनी इंदौर से राजवाड़ा पहुंचेंगे होलकरी गणेश, पालकी में निकली भव्य यात्रा

होलकरकालीन परंपरा में निकली होलकरी गणेश की पालकी, राजवाड़ा में होगी स्थापना

जूनी इंदौर से राजवाड़ा पहुंचेंगे होलकरी गणेश, पालकी में निकली भव्य यात्रा

इंदौर में होलकरकालीन परंपरा के अनुसार इस बार भी होलकरी गणेश प्रतिमा को जूनी इंदौर से राजवाड़ा ले जाया गया। खरगोनकर परिवार द्वारा तैयार की गई पारंपरिक गणेश प्रतिमा का विधि-विधान से पूजन-अर्चन किया गया। इसके बाद शुभ मुहूर्त में राजपरिवार से जुड़े सदस्य और सेवक प्रतिमा को पालकी में विराजित कर पारंपरिक अंदाज में बैंड बाजे के साथ राजवाड़ा के लिए रवाना हुए।

दरअसल, जूनी इंदौर स्थित खरगोनकर परिवार द्वारा वर्षों से तैयार की जा रही पारंपरिक गणेश प्रतिमा को होलकर स्टेट की परंपरा के अनुसार राजवाड़ा ले जाया गया। शुभ मुहूर्त में प्रतिमा का विधि-विधान से पूजन-अर्चन किया गया। इसके बाद गणेशजी को विशेष रूप से सजाई गई पालकी में विराजित किया गया और राजपरिवार से जुड़े सदस्य, पुजारी तथा सेवक पारंपरिक वेशभूषा पगड़ी और अंगरखा पहनकर प्रतिमा के साथ रवाना हुए।

वहीं, पालकी यात्रा के दौरान होलकरकालीन परंपरा और राजसी अंदाज की झलक देखने को मिली। जूनी इंदौर से होलकरी गणेश को पारंपरिक तरीके से राजवाड़ा ले जाया गया। यहां विधि-विधान से पूजन-अर्चन के बाद गणेश प्रतिमा को राजवाड़ा के दरबार हॉल में स्थापित किया जाएगा। हर वर्ष होने वाली यह परंपरा इंदौर की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत से जुड़ी हुई है।