CBSE ने जारी किया10वीं सेशन-1 रिजल्ट,1.15 लाख छात्रों का इंतजार खत्म,कोई टॉपर नहीं होगा घोषित

CBSE ने 10वीं सेशन-1 का रिजल्ट जारी कर दिया है, जिसमें भोपाल रीजन के 1.15 लाख से अधिक छात्र शामिल रहे। इस बार बोर्ड ने टॉपर घोषित नहीं करने का फैसला लिया है। नई परीक्षा प्रणाली के तहत छात्रों को सेशन-2 में अंक सुधार और असफल छात्रों को दोबारा मौका दिया गया है।

CBSE ने जारी किया10वीं सेशन-1 रिजल्ट,1.15 लाख छात्रों का इंतजार खत्म,कोई टॉपर नहीं होगा घोषित

भोपाल: सेंट्रल बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजुकेशन (CBSE) ने कक्षा 10वीं सेशन-1 परीक्षा का परिणाम घोषित कर दिया है। छात्र अब अपना रिजल्ट आधिकारिक वेबसाइट, डिजिलॉकर और उमंग ऐप के माध्यम से देख सकते हैं। इस बार भोपाल रीजन से करीब 1 लाख 15 हजार 889 विद्यार्थियों ने परीक्षा में हिस्सा लिया था।छात्र results.cbse.nic.in, cbse.gov.in, results.nic.in, DigiLocker और UMANG ऐप पर जाकर अपना परिणाम देख सकते हैं।

टॉपर कल्चर पर ब्रेक

CBSE ने इस बार बड़ा फैसला लेते हुए न तो मेरिट लिस्ट जारी की है और न ही किसी छात्र को टॉपर घोषित किया है। बोर्ड ने सभी स्कूलों को भी सख्त निर्देश दिए हैं कि वे अपने स्तर पर किसी छात्र को टॉपर घोषित न करें। इसका उद्देश्य छात्रों पर अनावश्यक दबाव कम करना और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा देना है।

टू-बोर्ड एग्जाम सिस्टम लागू

इस वर्ष CBSE ने नई व्यवस्था के तहत 10वीं की परीक्षा “टू बोर्ड एग्जाम सिस्टम” में आयोजित की। सेशन-1 परीक्षा 17 फरवरी से 11 मार्च 2026 के बीच हुई। इस प्रणाली का मकसद छात्रों को अधिक अवसर देना और परीक्षा से जुड़ा तनाव कम करना है।

सेशन-2 में सुधार का मौका

जो छात्र अपने अंकों से संतुष्ट नहीं हैं, उनके लिए सेशन-2 परीक्षा का विकल्प रखा गया है। यह परीक्षा 15 मई से 1 जून 2026 के बीच आयोजित होगी, जिसमें छात्र अधिकतम 3 विषयों में अपने अंक सुधार सकते हैं।

फेल छात्रों के लिए भी अवसर

CBSE ने एक या दो विषयों में असफल छात्रों को कंपार्टमेंट के तहत सेशन-2 में शामिल होने का मौका दिया है। वहीं, तीन या उससे अधिक विषयों में असफल छात्रों को 2027 की मुख्य परीक्षा में शामिल होना होगा।