CG Politics : नितिन नबीन की फोटो से छेड़छाड़ करना कांग्रेस नेता को पड़ा भारी! रायपुर में FIR, AI से करवाई थी एडिट

नितिन नबीन की फोटो से छेड़छाड़ मामले में सिविल लाइंस थाने में कांग्रेस आईटी सेल से जुड़े नेता अरुण साहू के खिलाफ मामला दर्ज किया है।

CG Politics : नितिन नबीन की फोटो से छेड़छाड़ करना कांग्रेस नेता को पड़ा भारी! रायपुर में FIR, AI से करवाई थी एडिट

CG Politics : रायपुर। बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन की तिरंगा फहराते हुए तस्वीर से कथित छेड़छाड़ का मामला सामने आया है। आरोप है कि तस्वीर को एडिट करके सोशल मीडिया पर शेयर किया गया। मामले में रायपुर के सिविल लाइंस थाने में कांग्रेस आईटी सेल से जुड़े नेता अरुण साहू के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। बीजेपी की शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।

15 अगस्त की तस्वीर से छेड़छाड़ का आरोप

बीजेपी के प्रदेश प्रवक्ता गौरीशंकर श्रीवास ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि 15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस के मौके पर नितिन नबीन ने अपने निवास पर तिरंगा फहराया था। आरोप है कि इसी तस्वीर को एडिट करके सोशल मीडिया पर शेयर किया गया।

बीजेपी का कहना है कि एडिट की गई तस्वीर से ऐसा संदेश देने की कोशिश की गई, जिससे लोगों में भ्रम पैदा हो सकता था। हालांकि तस्वीर से छेड़छाड़ के आरोप की अंतिम पुष्टि जांच के बाद ही होगी।

शिकायत के साथ पुलिस को सौंपे दस्तावेज

गौरीशंकर श्रीवास ने मामले को राष्ट्रध्वज के सम्मान से जुड़ा गंभीर विषय बताते हुए सिविल लाइंस थाने में लिखित शिकायत दी। शिकायत के साथ सोशल मीडिया पोस्ट के स्क्रीनशॉट और अन्य दस्तावेज भी पुलिस को सौंपे गए।

बीजेपी के अनुसार, संबंधित पोस्ट बाद में हटा दी गई लेकिन उससे पहले वह सोशल मीडिया पर कई लोगों तक पहुंच चुकी थी। पुलिस अब पोस्ट, तस्वीर और उसके प्रसार से जुड़े तथ्यों की जांच कर रही है।

BJP प्रवक्ता ने कांग्रेस पर लगाए आरोप

गौरीशंकर श्रीवास ने आरोप लगाया कि नितिन नबीन की तिरंगा फहराते हुए वास्तविक तस्वीर को बदलकर राष्ट्रध्वज को गलत तरीके से दिखाया गया। उन्होंने इसे बीजेपी को बदनाम करने और लोगों को गुमराह करने की कोशिश बताया।

BJP प्रवक्ता गौरीशंकर श्रीवास ने कहा कि राष्ट्रध्वज देश की अस्मिता और सम्मान का प्रतीक है और इसके साथ किसी भी तरह की छेड़छाड़ को गंभीरता से लिया जाना चाहिए।

दो धाराओं में दर्ज हुई FIR

पुलिस ने शिकायत के आधार पर अरुण साहू के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। शिकायत में एफआईआर क्रमांक 0429/2026 का उल्लेख किया गया है। पुलिस ने राष्ट्रीय गौरव अपमान निवारण अधिनियम 1971 की धारा 2 और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 356 के तहत मामला दर्ज किया है। अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि तस्वीर किस तरह एडिट की गई और सोशल मीडिया पर इसे किस उद्देश्य से प्रसारित किया गया।

BJP ने कार्रवाई की मांग की

बीजेपी ने कहा है कि राष्ट्रध्वज और राष्ट्रीय प्रतीकों से जुड़े मामलों में कानून के तहत सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। पार्टी नेताओं का कहना है कि सोशल मीडिया पर भ्रामक या एडिटेड सामग्री फैलाने से लोगों के बीच गलत संदेश जा सकता है। वहीं पुलिस का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

सोशल मीडिया पर एडिटेड तस्वीरों को लेकर सवाल

इस मामले ने एक बार फिर सोशल मीडिया पर तस्वीरों और वीडियो के साथ छेड़छाड़ के मुद्दे को सामने ला दिया है। किसी तस्वीर के वायरल होने के बाद उसकी सत्यता की पुष्टि किए बिना उसे आगे शेयर करना विवाद को बढ़ा सकता है।

ऐसे मामलों में मूल तस्वीर, एडिट की गई सामग्री और पोस्ट के स्रोत की जांच महत्वपूर्ण होती है। पुलिस की जांच पूरी होने के बाद ही पूरे मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।