औषधि विभाग की बड़ी कार्रवाई: नवरात्र से पहले अवैध अबॉर्शन किटों की मिली खेप, सप्लाई नेटवर्क की जांच
Indore में 92 लाख रुपये की अबॉर्शन किटों का जखीरा बरामद, 19 हजार से ज्यादा की अवैध किट जब्त, सप्लाई नेटवर्क और पूरे मामले की जांच में जुटा प्रशासन
इंदौर में नवरात्र से पहले अवैध गर्भपात किटों के बड़े जखीरे का खुलासा हुआ है। औषधि विभाग की कार्रवाई में 19 हजार से ज्यादा गर्भपात किट बरामद किए गए हैं, जिनकी कीमत करीब 92 लाख रुपये बताई जा रही है।
इतनी बड़ी मात्रा में प्रतिबंधित दवाओं के मिलने के बाद अब इनके सप्लाई नेटवर्क को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। बड़ी मात्रा में दवाओं का भंडारण मिलने के बाद प्रशासन ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है।
भाजपा विधायक उषा ठाकुर ने मामले को गंभीर बताते हुए पूरे नेटवर्क की जांच की मांग की है। वहीं कलेक्टर शिवम वर्मा ने कहा है कि प्रशासन यह पता लगा रहा है कि दवाओं की सप्लाई कहां से हुई और इन्हें किन-किन जगहों पर भेजा जाना था।
सप्लाई नेटवर्क को लेकर जांच शुरू
इतनी बड़ी मात्रा में बिना वैध अनुमति और नियमों के विपरीत दवाओं के भंडारण का मामला सामने आने के बाद प्रशासन ने जांच शुरू कर दी है। गर्भपात किट मिलने के बाद अब इनके स्रोत और सप्लाई नेटवर्क को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
प्रशासन यह पता लगाने में जुटा है कि इतनी बड़ी खेप कहां से लाई गई थी और इंदौर में इसे किन-किन स्थानों पर सप्लाई किया जाना था। बिना वैध अनुमति और नियमों के विपरीत दवाओं के भंडारण को लेकर भी जांच की जा रही है।
उषा ठाकुर ने की पूरे नेटवर्क की जांच की मांग
इस मामले को लेकर भाजपा विधायक उषा ठाकुर ने भी गंभीर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि डॉक्टर की पर्ची के बिना नहीं बिकने वाली ऐसी दवाओं का इतना बड़ा भंडार सामान्य कालाबाजारी का मामला नहीं माना जा सकता। उन्होंने पूरे सप्लाई नेटवर्क की गहराई से जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
कलेक्टर बोले- स्रोत और सप्लाई का पता लगा रहा प्रशासन
वहीं कलेक्टर शिवम वर्मा ने बताया कि गुप्त सूचना के आधार पर प्रशासन की टीम ने कार्रवाई की और अवैध गर्भपात किट बरामद की हैं। प्रशासन अब दवाओं के स्रोत और सप्लाई नेटवर्क की जांच कर रहा है। मामले में जो भी लोग दोषी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
Varsha Shrivastava 
