चित्रकूट में खतरे के निशान से ऊपर मंदाकिनी, रामघाट जलमग्न
चित्रकूट में भारी बारिश के बाद मंदाकिनी नदी खतरे के निशान से ऊपर पहुंच गई है। रामघाट समेत कई घाट जलमग्न हैं और प्रशासन अलर्ट मोड पर है।
चित्रकूट: मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश की सीमा पर स्थित धार्मिक नगरी चित्रकूट में लगातार हो रही बारिश के कारण मंदाकिनी नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ गया है। नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है, जिससे रामघाट समेत कई प्रमुख घाट पूरी तरह जलमग्न हो गए हैं। प्रशासन ने दोनों राज्यों में अलर्ट जारी करते हुए घाटों के आसपास रहने वाले लोगों और दुकानदारों को सतर्क रहने की सलाह दी है।

रामघाट समेत कई प्रमुख घाट पानी में डूबे
भारी बारिश के चलते मंदाकिनी नदी का पानी रामघाट, पुराने नगर परिषद भवन के आसपास, नवमठा घाट और भरत घाट की सीढ़ियों तक पहुंच गया है। कई स्थानों पर घाट किनारे बनी दुकानों में भी पानी घुस गया है, जिससे व्यापारियों को नुकसान की आशंका है। श्रद्धालुओं की आवाजाही भी प्रभावित हुई है।

सुबह की बारिश से तेजी से बढ़ा जलस्तर
जानकारी के अनुसार मझगवां और पिंडरा क्षेत्र में सुबह करीब 5 बजे से 8 बजे तक लगातार तेज बारिश हुई। इसके बाद मंदाकिनी नदी के जलस्तर में अचानक बढ़ोतरी दर्ज की गई। जलस्तर लगातार बढ़ने के कारण प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।

एमपी और यूपी प्रशासन सतर्क
बढ़ते जलस्तर को देखते हुए मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश का प्रशासन अलर्ट मोड पर है। पुलिस और प्रशासनिक टीमें घाटों की निगरानी कर रही हैं। लोगों से अपील की गई है कि वे नदी के किनारे जाने से बचें और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें।

स्थानीय लोगों में बढ़ी चिंता
घाट किनारे रहने वाले लोगों और दुकानदारों का कहना है कि यदि बारिश का सिलसिला जारी रहा तो जलस्तर और बढ़ सकता है। इससे निचले इलाकों में पानी भरने और जनजीवन प्रभावित होने की आशंका है।प्रशासन ने लोगों से अनावश्यक रूप से नदी के पास न जाने और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत स्थानीय प्रशासन को सूचना देने की अपील की है। लगातार बढ़ते जलस्तर को देखते हुए राहत और बचाव दल भी सतर्क रखे गए हैं।
Anubhav Dubey 
