1 अप्रैल से महंगा होगा आपका सफर, NHAI करेगा टोल टैक्स के दामों में 5-10% तक की बढ़ोतरी

महंगा होगा वाहन चालकों के लिए सफर। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया बढ़ाएगा 5-10% टोल टैक्स के दाम। जबलपुर से नागपुर, रायपुर, प्रयागराज जैसे शहरों की यात्रा पर पड़ेगा असर। 

1 अप्रैल से महंगा होगा आपका सफर, NHAI करेगा टोल टैक्स के दामों में 5-10% तक की बढ़ोतरी
Toll Tax Hike 2026

वाहन चालकों के लिए 1 अप्रैल 2026 से सफर महंगा होने वाला है। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) ने टोल टैक्स में 5 से 10 प्रतिशत की बढ़ोतरी की घोषणा की है। इस बढ़ोतरी का सीधा असर जबलपुर से नागपुर, रायपुर, प्रयागराज और भोपाल जैसी प्रमुख सड़कों पर पड़ेगा। वाहन चालकों को हर टोल बूथ पर अब पहले से अधिक राशि चुकानी होगी।

टोल में कितनी बढ़ोतरी होगी

जानकारी के अनुसार, जबलपुर के आसपास स्थित प्रमुख टोल प्लाजा पर कार चालकों को 5 से 10 रुपए तक अतिरिक्त शुल्क देना पड़ सकता है। उदाहरण के लिए, बरगी टोल (नागपुर रोड) पर 165 रुपए का टोल अब लगभग 173–181 रुपए हो सकता है। सिहोरा टोल (प्रयागराज रोड) का टोल 130 रुपए से बढ़कर लगभग 136–143 रुपए और शहपुरा टोल (भोपाल रोड) 90 रुपए से बढ़कर 95–99 रुपए हो सकता है। बरेला टोल (रायपुर रोड) की राशि 35 रुपए से बढ़कर 37–39 रुपए हो सकती है।

FASTag एनुअल पास भी महंगा

NHAI ने कारों के लिए FASTag एनुअल पास की कीमत में भी 75 रुपए की बढ़ोतरी की है। अभी तक यह पास 3,000 रुपए में उपलब्ध था, लेकिन 1 अप्रैल से इसकी कीमत 3,075 रुपए होगी। इस पास की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसे साल में कई बार रिचार्ज किया जा सकता है और लंबी दूरी तय करने वाले यात्रियों के लिए यह काफी किफायती है। देश भर में अब तक 52 लाख से अधिक वाहन चालक इस पास का इस्तेमाल कर चुके हैं।

जानें कैसे तय होते हैं टोल रेट?

टोल टैक्स की दरें व्होलसेल प्राइस इंडेक्स (WPI) के आधार पर तय की जाती हैं। हर साल के अंत में WPI का मूल्यांकन कर सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय नए रेट जारी करता है। टोल की राशि सड़क की लंबाई और उस पर बनाए गए इंफ्रास्ट्रक्चर जैसे फ्लाईओवर, अंडरपास, टनल आदि के आधार पर भी तय होती है। जहां ज्यादा सुविधाएं होती हैं, वहां टोल भी अधिक लगता है।

वाहन चालकों की नाराजगी

वाहन चालकों का कहना है कि टोल बढ़ाना समझ में आता है, लेकिन सड़क का मेंटेनेंस भी उतना ही जरूरी है। भोपाल रोड की हालत अभी भी खराब बताई जा रही है, जबकि बरेला के आगे सड़क का काम जारी है। इसके बावजूद पूरा टोल वसूला जा रहा है, जिससे लोग नाराज हैं। जबलपुर से दमोह और सागर अभी हाईवे घोषित हैं, लेकिन बने नहीं हैं। इसी तरह जबलपुर से पाटन, तेंदुखेड़ा और गोटेगांव स्टेट हाईवे में आते हैं, जहां टोल वसूला जा रहा है।

पुराने रेट पर पास लेने का मौका

अधिकारी बता रहे हैं कि जो लोग टोल बढ़ोतरी से बचना चाहते हैं, वे 31 मार्च 2026 तक अपना एनुअल पास रिचार्ज कर सकते हैं। पुराने रेट यानी 3,000 रुपए में पास लेने का यह अंतिम मौका है। 1 अप्रैल की सुबह से नई दरें सिस्टम में अपडेट कर दी जाएंगी।

सड़क परिवहन मंत्रालय के अधिकारियों के मुताबिक, FASTag एनुअल पास शुरू करने के समय ही इसकी कीमतों की सालाना समीक्षा और संशोधन का प्रावधान रखा गया था। इस साल की बढ़ोतरी इसी प्रक्रिया का हिस्सा है। पूरे देश में हाईवे टोल की दरों में बदलाव के लिए तय किए गए फॉर्मूले के आधार पर इस बार लगभग 2.5% की वृद्धि की गई है।

1 अप्रैल से लागू होने वाले नए टोल रेट और FASTag पास की बढ़ी कीमतों का असर वाहन चालकों की यात्रा पर सीधे पड़ेगा। वाहन मालिकों के लिए यह जरूरी है कि वे अपनी लंबी दूरी की यात्रा की योजना बनाते समय टोल खर्च को ध्यान में रखें। साथ ही सड़क के मेंटेनेंस और बेहतर सुविधाओं की मांग भी बनी हुई है।