MP में 4 IAS अधिकारियों का तबादला, गृह से पर्यटन और खनिज से उच्च शिक्षा विभाग में मिली नई जिम्मेदारी
मध्यप्रदेश में चार अधिकारियों की नवीन पदस्थापना के आदेश जारी हुए हैं. सामान्य प्रशासन विभाग ने भारती जाटव ओगरे, मनिषा सेतिया, शुचिस्मिता सक्सेना और विवेक कुमार को नई जिम्मेदारी सौंपी है.
भोपाल। मध्यप्रदेश में एक बार फिर प्रशासनिक स्तर पर फेरबदल किया गया है। सामान्य प्रशासन विभाग ने 19 अगस्त 2026 को चार IAS अधिकारियों के तबादले का आदेश जारी किया है। इस फेरबदल में अधिकारियों को गृह, उच्च शिक्षा, पर्यटन और नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा विभाग में नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। सभी अधिकारियों की पदस्थापना अस्थाई रूप से स्थानापन्न पद पर की गई है और यह व्यवस्था अगले आदेश तक प्रभावी रहेगी।
किस IAS अधिकारी को कहां भेजा गया?
तबादला सूची में 2012 बैच की IAS अधिकारी भारती जाटव ओगरे का नाम शामिल है। वे अब तक खनिज साधन विभाग में अपर सचिव की जिम्मेदारी संभाल रही थीं। नए आदेश के तहत उन्हें उच्च शिक्षा विभाग में अपर सचिव बनाया गया है। यह बदलाव 17 जून 2026 को जारी पुराने आदेश में संशोधन करते हुए किया गया है।

वहीं 2013 बैच की IAS अधिकारी मनीषा सेतिया को गृह विभाग से हटाकर पर्यटन विभाग में अपर सचिव की जिम्मेदारी दी गई है। वे इससे पहले गृह विभाग में अपर सचिव के पद पर कार्यरत थीं।
2016 बैच की शुचिस्मिता सक्सेना को भी नई जिम्मेदारी मिली है। वे पहले लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग में उप सचिव थीं। अब उन्हें गृह विभाग में उप सचिव बनाया गया है।
इसके अलावा 2017 बैच के IAS अधिकारी विवेक कुमार को नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा विभाग में उप सचिव नियुक्त किया गया है। विवेक कुमार फिलहाल पदस्थापना का इंतजार कर रहे थे और यह उनकी नई जिम्मेदारी है।
राज्यपाल के नाम से जारी हुआ आदेश
सामान्य प्रशासन विभाग की ओर से जारी आदेश मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से जारी किया गया है। आदेश पर मुख्य सचिव अशोक बर्नवाल के हस्ताक्षर हैं। इसकी प्रतियां राज्यपाल कार्यालय, मुख्यमंत्री कार्यालय, कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग और मध्यप्रदेश भवन, नई दिल्ली समेत संबंधित कार्यालयों को भेजी गई हैं।
प्रशासनिक फेरबदल क्यों अहम?
गृह और उच्च शिक्षा जैसे महत्वपूर्ण विभागों में अधिकारियों की जिम्मेदारियों में बदलाव को प्रशासनिक दृष्टि से अहम माना जा रहा है। हालांकि सरकार की ओर से इन तबादलों के पीछे कोई विशेष कारण सार्वजनिक नहीं किया गया है। सामान्य प्रशासन विभाग के मुताबिक यह प्रशासनिक प्रक्रिया के तहत किया गया फेरबदल है।
नए अधिकारी जल्द ही अपने-अपने विभागों में कार्यभार संभालेंगे। इसके बाद संबंधित विभागों के कामकाज में उनकी नई जिम्मेदारियों का असर देखने को मिलेगा।

