मध्य प्रदेश कैबिनेट बैठक में लिए गए किसानों, शिक्षा और विकास से जुड़े बड़े फैसले
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंत्रालय में वंदे मातरम गायन के साथ मंत्री-परिषद की बैठक हुई। कैबिनेट बैठक की जानकारी MSME मंत्री चैतन्य कुमार काश्यप ने दी।
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंत्रालय में आज कैबिनेट बैठक वंदे मातरम गायन के साथ आरंभ हुई। बैठक में कई महत्वपूर्ण फैसलों को मंजूरी दी गई, जिनमें किसानों, शिक्षा, सिंचाई, इंफ्रास्ट्रक्चर और सांस्कृतिक कार्यक्रम शामिल हैं।

कैबिनेट बैठक की जानकारी MSME मंत्री चैतन्य कुमार काश्यप ने दी। उन्होंने बताया कि बैठक में तय हुआ है कि गेहूं की खरीदी अब 10 अप्रैल की जगह 9 अप्रैल से शुरू होगी। इसके अलावा चना और मसूर की उपार्जन योजना को भी मंजूरी दी गई। सरकार चने के कुल उत्पादन का 25 प्रतिशत और मसूर का 100 प्रतिशत उपार्जन करेगी।
इसके लिए ₹3175 करोड़ की व्यवस्था की गई है। सिंचाई के क्षेत्र में भी बड़ी पहल की गई है। भानपुरा में 3500 हेक्टेयर और 120 गांवों के लिए सूक्ष्म सिंचाई परियोजना को मंजूरी दी गई है, जिससे 77 प्रतिशत क्षेत्र में सिंचाई की सुविधा उपलब्ध होगी।

कैबिनेट ने ₹758 करोड़ की लागत से NH-46 पर 22 किलोमीटर सड़क निर्माण के लिए केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी का आभार जताया। वहीं, उज्जैन में ₹590 करोड़ की लागत से एयरपोर्ट निर्माण की भी घोषणा की गई, जिसे केंद्र सरकार करेगी।
शिक्षा के क्षेत्र में SC छात्रों को दिल्ली में उच्च शिक्षा के लिए ₹10,000 प्रति माह सहायता देने का निर्णय लिया गया। FCRI की सात स्कूलों के एकीकरण से भोपाल में वित्त प्रबंधन का बड़ा केंद्र भी खोला जाएगा।

धार्मिक और सांस्कृतिक पहल के तहत काशी विश्वनाथ और महाकाल मंदिर के बीच पहला MOU हुआ है। “सम्राट विक्रमादित्य महानाट्य” की उत्तर प्रदेश में प्रशंसा हुई और अयोध्या में भी इसका मंचन किया जाएगा।
इसके अलावा 8 से 14 अप्रैल तक अंबेडकर जयंती पर विशेष राज्य स्तरीय आयोजन भिंड में किया जाएगा। MP-UP सहयोग सम्मेलन और महाकाल रियल टाइम सम्मेलन पर भी चर्चा हुई। इन निर्णयों से किसानों, छात्रों और प्रदेश के विकास परियोजनाओं को मजबूत बल मिलेगा और धार्मिक-सांस्कृतिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा।
Varsha Shrivastava 
