मऊगंज के सरबरा गांव में सड़क के अभाव में गर्भवती को 1 किमी पैदल ले गए परिजन, एंबुलेंस नहीं पहुंच सकी

मऊगंज के देवतालाब क्षेत्र के सरबरा गांव में सड़क के अभाव में गर्भवती महिला को 1 किलोमीटर पैदल मुख्य सड़क तक ले जाना पड़ा. एंबुलेंस गांव तक नहीं पहुंच सकी. वीडियो वायरल होने के बाद ग्रामीणों ने सड़क निर्माण की मांग की है.

मऊगंज के सरबरा गांव में सड़क के अभाव में गर्भवती को 1 किमी पैदल ले गए परिजन, एंबुलेंस नहीं पहुंच सकी

राजेंद्र पयासी, मऊगंज

मऊगंज जिले के देवतालाब क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत पिड़रिया के सरबरा गांव से सामने आया एक वीडियो ग्रामीण क्षेत्रों की बुनियादी सुविधाओं की स्थिति पर सवाल खड़ा कर रहा है। गांव तक पक्की सड़क नहीं होने के कारण प्रसव पीड़ा से जूझ रही एक गर्भवती महिला को उसके परिजनों ने करीब 1 किलोमीटर तक पैदल सहारा देकर मुख्य सड़क तक पहुंचाया, जहां 108 एंबुलेंस मौजूद थी। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

सड़क न होने से गांव तक नहीं पहुंच सकी एंबुलेंस

ग्रामीणों के अनुसार महिला को प्रसव पीड़ा शुरू होने पर 108 एंबुलेंस को सूचना दी गई थी। लेकिन गांव तक जाने के लिए पक्का रास्ता नहीं होने और कच्चे मार्ग की खराब स्थिति के कारण एंबुलेंस गांव के भीतर नहीं पहुंच सकी। ऐसे में परिजनों ने महिला को गोद और सहारे से कच्चे रास्ते पर पैदल चलाकर मुख्य मार्ग तक पहुंचाया। इसके बाद उसे अस्पताल ले जाया गया। इस दौरान महिला लगातार दर्द से कराहती रही।

वर्षों से सड़क की मांग कर रहे हैं ग्रामीण

स्थानीय लोगों का कहना है कि सरबरा गांव की सड़क की समस्या नई नहीं है। कई वर्षों से ग्रामीण सड़क निर्माण की मांग कर रहे हैं। बरसात में कच्चा रास्ता कीचड़ में बदल जाता है, जिससे मरीजों को अस्पताल पहुंचाना, बच्चों का स्कूल जाना और बुजुर्गों का आवागमन बेहद मुश्किल हो जाता है। ग्रामीणों का दावा है कि कई बार आवेदन और ज्ञापन देने के बावजूद अब तक स्थायी समाधान नहीं हुआ।

स्वास्थ्य सुविधाओं पर भी उठे सवाल

इस घटना ने ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता और आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े किए हैं। समय पर एंबुलेंस मरीज तक नहीं पहुंच पाने से गंभीर परिस्थितियों में लोगों की जान जोखिम में पड़ सकती है। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क की कमी केवल आवागमन की समस्या नहीं, बल्कि आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं में भी बड़ी बाधा है।

प्रशासन से सड़क निर्माण की मांग

ग्रामीणों ने जिला प्रशासन, लोक निर्माण विभाग तथा पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग से सरबरा गांव तक शीघ्र पक्की सड़क बनाने की मांग की है। वायरल वीडियो सामने आने के बाद प्रशासन ने मामले का संज्ञान लेने की बात कही है। अब ग्रामीणों की नजर इस बात पर है कि यह कार्रवाई केवल आश्वासन तक सीमित रहती है या गांव को सड़क जैसी बुनियादी सुविधा वास्तव में मिलती है।