गोमांस और गंदे पानी को लेकर कांग्रेस का प्रदर्शन: निगम का दफ्तर घेरा, महापौर का रावण रूपी पुतला फूंका
गोमांस तस्करी और गंदे पानी की सप्लाई के मुद्दे पर भोपाल में सोमवार को बड़ा प्रदर्शन हुआ। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने आईएसबीटी स्थित निगम दफ्तर का घेराव किया और महापौर सहित एमआईसी का रावण रूपी पुतला फूंका।
भोपाल। गोमांस तस्करी और गंदे पानी की सप्लाई के मुद्दे पर राजधानी में जोरदार प्रदर्शन हुआ। कांग्रेस नेता रविंद्र साहू झूमरवाला के नेतृत्व में पार्टी के कार्यकर्ताओं ने सोमवार को आईएसबीटी स्थित निगम दफ्तर का घेराव कर जमकर नारेबाजी की। साथ ही महापौर मालती राय और एमआईसी का रावण रूपी पुतला फूंका। इस दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं की पुलिस के साथ धक्का-मुक्की भी हुई।

गोमांस-पानी के मुद्दे पर कांग्रेस का प्रदर्शन
पिछले एक महीने से भोपाल में गोमांस तस्करी और गंदे पानी की सप्लाई के मुद्दे को लेकर बवाल जारी है। सोमवार को विपक्षी दल कांग्रेस ने राजधानी में जोरदार प्रदर्शन किया। कांग्रेस नेता रविंद्र साहू झूमरवाला के नेतृत्व में पार्टी कार्यकर्ताओं ने ISBT स्थित निगम दफ्तर का घेराव किया। साथ ही महापौर मालती राय और एमआईसी का रावण रूपी पुतला फूंका। इस दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं की पुलिस के साथ धक्का-मुक्की भी हुई। महापौर का 11 सिर वाला कटआउट लेकर कांग्रेसी पहुंचे थे, जिसमें 10 सिर अन्य जिम्मेदारों के हैं।

दूषित पानी का भोपाल में भी मंडरा रहा खतरा
इंदौर में दूषित पानी पीने से 33 लोगों की मौत हो गई और भोपाल में भी ऐसा ही खतरा मंडरा रहा है। कई इलाकों में सीवेज के साथ ही पानी की लाइन है, इससे पानी गंदा आ रहा है। दूसरी ओर, वार्ड ऑफिसों में जल सुनवाई के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति ही हो रही है। नाले के पानी को भी पीने योग्य बताया जा रहा है। कांग्रेस नेता रविंद्र साहू ने बताया कि कहीं पानी के चैंबर में सीवेज का पानी मिल रहा है तो कहीं गंदा पानी सप्लाई हो रहा है। इससे लोग बीमार भी हो रहे हैं।
स्लॉटर हाउस में गोमांस मिलने का मामला भी गंभीर
इसके अलावा स्लॉटर हाउस में गोमांस मिलने का मामला भी गंभीर है। अब तक छोटे कर्मचारियों पर ही कार्रवाई हुई है, लेकिन जिम्मेदार महापौर और एमआईसी पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। एमआईसी मीटिंग से ही स्लॉटर हाउस का प्रस्ताव पास हुआ था।
बता दें कि जहांगीराबाद थाना प्रभारी मान सिंह चौधरी ने 24 दिसंबर 2025 को एक एफआईआर दर्ज की। इसमें 7 दिन पहले, 17 दिसंबर को कंटेनर नंबर यूपी 15 जेटी 4286 में मांस मिलने का हवाला दिया। 18 दिसंबर को वेटनरी अस्पताल जहांगीराबाद में कंटेनर में भरे 265 क्विंटल (26.5 टन) मांस में से वेटनरी डॉक्टर की टीम ने अलग-अलग 5 डिब्बों में सैंपल लिए। बाकी मांस कंटेनर के ड्राइवर शोएब पिता कमालउद्द्दीन को ही सुपुर्दगी में दे दिया गया।
सैंपल कंटेनर में मिले मांस जांच के लिए मथुरा लैब भेजे
पुलिस ने जो सैंपल कंटेनर में मिले मांस के लिए थे, उन्हें पुलिस ने जांच के लिए फोरेंसिक लेबोरेटरी मथुरा को भेजे। संदिग्ध मांस के सैंपल की जांच रिपोर्ट भी मिल गई। जिसमें मांस में गोमांस का होना सामने आया। इसके बाद पुलिस ने जिंसी स्थित आधुनिक स्लॉटर हाउस का संचालन करने वाली लाइव स्टाक फूड प्रोसेसर प्राइवेट लिमिटेड में पहुंचकर दस्तावेज जब्त किए थे।
स्लॉटर हाउस का संचालक असलम चमड़ा कुरैशी का होना पाया गया है। पुलिस ने माना कि गोवंश का वध कर उसके मांस को षड्यंत्रपूर्वक परिवहन किया जा रहा था। यह मुद्दा 13 जनवरी को हुई नगर निगम परिषद की बैठक में काफी गरमाया था।
Varsha Shrivastava 
