वेनेजुएला में 7.2 और 7.5 तीव्रता के दो भूकंप10 हजार मौतों की आशंका

वेनेजुएला में 7.2 और 7.5 तीव्रता के दो भूकंप10 हजार मौतों की आशंका, कई इमारतें गिरीं 126 साल में सबसे बड़ा भूकंप

वेनेजुएला में 7.2 और 7.5 तीव्रता के दो भूकंप10 हजार मौतों की आशंका

वेनेजुएला में 24 जून की शाम भारतीय समयानुसार गुरुवार सुबह दो शक्तिशाली भूकंप आए। अमेरिकी जियोलॉजिकल सर्वे (USGS) के मुताबिक, इसमें 10,000 से ज्यादा लोगों की मौत की 44% और 1,00,000 से ज्यादा मौत की 30% आशंका है। पहला भूकंप 7.2 तीव्रता का था। इसका केंद्र राजधानी कराकस से करीब 160 किमी पश्चिम में जमीन से 13 किमी नीचे था। कुछ सेकेंड बाद 7.5 तीव्रता का दूसरा भूकंप आया। इसका केंद्र मोरोन शहर के दक्षिण-पश्चिम में जमीन से 10 किमी नीचे था। कराकस समेत कई इलाकों में इमारतों और मकानों को नुकसान पहुंचा है। स्थानीय मीडिया के अनुसार कराकस एयरपोर्ट की छत का कुछ हिस्सा गिर गया। इससे धूल का बड़ा गुबार उठता दिखाई दिया। पिछले 126 साल का सबसे बड़ा भूकंप है, इससे पहले 1900 में 7.7 का तीव्रता का भूकंप आया था।

सरकार ने अभी मौत का आंकड़ा नहीं बताया

राष्ट्र के नाम संबोधन में राष्ट्रपति रोड्रिग्ज ने भूकंप में जान गंवाने वालों के परिवारों के प्रति संवेदना जताई। हालांकि उन्होंने मृतकों की संख्या नहीं बताई। उन्होंने कहा कि सरकार राहत और बचाव कार्य में पूरी ताकत से लगी है। राष्ट्रपति के मुताबिक, भूकंप में एयरपोर्ट को नुकसान पहुंचा है। सुरक्षा कारणों से उसे फिलहाल बंद रखा गया है। रोड्रिग्ज ने यह भी बताया कि अमेरिका समेत कई देशों ने वेनेजुएला से संपर्क कर संवेदना व्यक्त की है और हरसंभव मदद का भरोसा दिया है।

 राष्ट्रपति ने आपातकाल की घोषणा की

राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज ने बुधवार रात पूरे देश में राष्ट्रीय आपातकाल घोषित कर दिया। उन्होंने डॉक्टरों और नर्सों से तुरंत अस्पताल पहुंचकर घायलों का इलाज शुरू करने की अपील की। साथ ही कराकस के पास स्थित माइकेतिया अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट को अगली सूचना तक बंद रखने का ऐलान किया।

 लोग बोले- 'लगा अब जिंदा नहीं बचेंगे'

भूकंप के बाद काराबोबो की राजधानी वेलेंसिया में रहने वाली 68 वर्षीय लुइसा मार्टिनेज ने कहा, जिंदगी में पहली बार इतना डर लगा। ऐसा लग रहा था कि पूरा घर गिर जाएगा। मैं, मेरे पति और बेटा एक-दूसरे से लिपट गए। मैं लगातार भगवान से हमारी जान बचाने की प्रार्थना करती रही। उन्होंने बताया कि भूकंप के दौरान पूरे घर में तेज कंपन महसूस हो रहा था और ऐसा लग रहा था कि इमारत कभी भी गिर सकती है। भूकंप के बाद कई लोग एक-दूसरे को गले लगाकर रोते नजर आए, जबकि छोटे बच्चे डर से बिलख रहे थे।

भूकंप के बाद हादसे की कुछ तस्वीरें

काराकास में भूकंप के बाद रेस्क्यू टीम मलबे और पत्थरों को हटाकर लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही है।

काराकस में भूकंप के बाद स्थानीय लोग भारी नुकसान झेल चुकीं इमारतों में मलबे और ढही हुई दीवारों का मुआयना कर रहे हैं

पुलिस अधिकारी और रेस्क्यू टीम मलबे के बीच से लोगों को निकालने और क्षतिग्रस्त इमारतों को संभालने के काम में जुटे हैं।

रेस्क्यू टीम के लोग भारी मलबे और कंक्रीट के ढेरों को हटाकर लगातार सर्च ऑपरेशन चला रहे हैं।

 भूकंप के बाद बेहोश हुई महिला को सड़क पर CPR देना पड़ा।

मरीजों को अस्पताल से बाहर ले जाया गया। व्हीलचेयर और अस्पताल के बिस्तरों पर लेटे मरीजों के साथ सड़क पर खड़े परिजन।

बचाव दल के लोग घायल शख्स को स्ट्रेचर पर लादकर इलाज के लिए  ले जाते हुए।

केटिया शहर में तेज भूकंप की वजह से सिमोन बोलिवर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को भारी नुकसान पहुंचा। वहां की इमारत में जगह-जगह तबाही का मंजर दिखाई दे रहा है।

जापान में भी 6.9 तीव्रता का भूकंप

वेनेजुएला के बाद जापान में भी 6.9 तीव्रता का भूकंप आया। हालांकि सुनामी का खतरा नहीं है और शुरुआती जानकारी में किसी बड़े नुकसान या जनहानि की खबर नहीं मिली है। USGS के मुताबिक भूकंप का केंद्र कुजी शहर से करीब 35 किलोमीटर उत्तर-पूर्व में था। इसकी गहराई 51.7 किलोमीटर दर्ज की गई। भूकंप के बाद प्रधानमंत्री सनाए ताकाइची ने अधिकारियों को नुकसान का तत्काल आकलन करने और जरूरत पड़ने पर राहत एवं बचाव कार्य शुरू करने के निर्देश दिए हैं। एहतियात के तौर पर ईस्ट जापान रेलवे  ने टोक्यो और शिन-आओमोरी के बीच चलने वाली बुलेट ट्रेन सेवाएं अस्थायी रूप से रोक दी हैं। रेलवे ट्रैक और अन्य ढांचे की जांच पूरी होने के बाद सेवाएं फिर से शुरू की जाएंगी।

सुनामी का खतरा टला

भूकंप के बाद सुनामी की आशंका खत्म हो गई है। अमेरिकी सुनामी चेतावनी केंद्र ने ताजा अपडेट जारी कर कहा कि अब इस भूकंप से किसी भी तटीय इलाके को सुनामी का खतरा नहीं है। भूकंप के तुरंत बाद एजेंसी ने चेतावनी दी थी कि भूकंप के केंद्र से 300 किलोमीटर के दायरे में स्थित तटीय क्षेत्रों में सुनामी की लहरें उठ सकती हैं। इसके अलावा प्यूर्टो रिको और वर्जिन आइलैंड्स के लिए भी एहतियातन अलर्ट जारी किया गया था।

वेनेजुएला में 1967 जैसा भूकंप, तब 200 जानें गईं थीं

यह पहली बार नहीं है जब वेनेजुएला की राजधानी में जबरदस्त भूकंप आया हो। 1967 में, 6.6 तीव्रता के भूकंप ने कराकस को हिला दिया था, जिसमें 200 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई थी। इस भूकंप ने पालोस ग्रांडेस (मध्यम-वर्गीय इलाका) और अल्तामिरा (अमीर लोगों का इलाका) में कई इमारतें गिरा दी थीं। 24 जून को आए भूकंप से ये दोनों इलाके फिर से प्रभावित हुए हैं। गृह मंत्री डियोसदादो कैबेलो ने सरकारी टीवी को बताया कि 'वहां कई इमारतें ढह गई हैं। इस बार की तरह, 1967 में भी लोगों ने दो झटके महसूस किए थे।