एक ही नाली के लिए तीन बार भुगतान, ₹10.73 लाख का घोटाला
ग्राम पंचायत नसीरपुर में एक ही नाली निर्माण कार्य के नाम पर तीन बार भुगतान कर ₹10.73 लाख की राशि निकाली गई। ग्रामवासियों ने भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए उच्च स्तरीय जांच की मांग की है।
जनपद पंचायत राधौगढ़ की ग्राम पंचायत नसीरपुर में पक्की नाली के निर्माण को लेकर बड़ा घोटाला सामने आया है। एक ही नाली निर्माण के नाम पर तीन बार अलग-अलग भुगतान किया गया है, जिससे कुल राशि ₹10.73 लाख पहुंच गई है। यह मामला अब गांव में चर्चा का विषय बना हुआ है और लोग इसे साफ तौर पर भ्रष्टाचार मान रहे हैं।

तीन बार स्वीकृति, एक ही जैसा काम
पंचायत दर्पण एप पर दी गई जानकारी के अनुसार:
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पहला काम: “गटर निर्माण कार्य लक्ष्मण मेहतर के घर से मेन रोड तक” — ₹3,50,000 (तारीख: 14 अप्रैल 2025)
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दूसरा काम: “नाली निर्माण कार्य मेन रोड से डॉक्टर साहब के मकान तक” — ₹3,50,000 (तारीख: 14 अप्रैल 2025)
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तीसरा काम: “नाली निर्माण कार्य मेहतर मोहल्ला से नरिंघ मंदिर की ओर” — ₹3,73,000 (तारीख: 24 जनवरी 2024
इन तीनों प्रविष्टियों को जोड़ने पर कुल राशि ₹10.73 लाख होती है। ग्राम पंचायत के रिकॉर्ड में योजना का नाम “पांचवां राज्य वित्त आयोग” अंकित है और तीनों कार्यों का प्रकार “पक्की नाली निर्माण” ही दर्ज है।

ग्रामवासियों का कहना है कि वास्तव में नाली का कार्य आंशिक रूप से ही हुआ है, जबकि रिकॉर्ड में भारी भरकम राशि दर्शा दी गई है। यह मामला गंभीर वित्तीय अनियमितताओं और संभावित भ्रष्टाचार की ओर इशारा करता है।
स्थानीय लोग इस मामले की उच्च स्तरीय जांच, व्यय के वास्तविक प्रमाण, माप पुस्तिका, भुगतान की रसीदें और स्थल निरीक्षण रिपोर्ट सार्वजनिक करने की मांग कर रहे हैं। यदि जांच में गड़बड़ी साबित होती है तो जिम्मेदार अधिकारियों और ठेकेदारों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की अपेक्षा की जा रही है।

