कर्मचारियों के पदोन्नति नियम पर बैठक 29 जून को 20 विभागों से सरकार का रुख स्पष्ट करेगा GAD
कर्मचारियों के पदोन्नति नियम पर बैठक 29 जून को 20 विभागों से सरकार का रुख स्पष्ट करेगा GAD, सामान्य पिछड़ा वर्ग संगठन विरोध में
भोपाल: लोक सेवा पदोन्नति नियम-2025 को लेकर चल रहे विरोध के बीच राज्य सरकार 29 जून को 20 विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक करेगी। एक साल पहले जारी पदोन्नति नियमों पर हाईकोर्ट से फैसला नहीं आने के बाद सरकार अब प्रक्रिया आगे बढ़ाने की तैयारी में है। वहीं, सामान्य, पिछड़ा एवं अल्पसंख्यक वर्ग अधिकारी-कर्मचारी संस्था (SPEAK) ने सरकार के इस कदम का विरोध करते हुए इसे जल्दबाजी बताया है।
20 विभागों के अधिकारी होंगे शामिल
सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) ने मंत्रालय में बैठक बुलाई है। इसमें 20 विभागों के अपर मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव और विभागाध्यक्षों के प्रतिनिधि शामिल होंगे। विभागों को उप सचिव स्तर के अधिकारी भेजने के निर्देश दिए गए हैं। बैठक की अध्यक्षता सामान्य प्रशासन विभाग के अपर सचिव करेंगे।
X और Y निर्धारण पर होगी चर्चा
बैठक में मध्यप्रदेश लोक सेवा पदोन्नति नियम-2025 के नियम-5 के तहत विभिन्न संवर्गों के लिए X एवं Y निर्धारण पर चर्चा होगी। खासतौर पर उन संवर्गों के लिए मानक तय किए जाएंगे, जिनमें यह संख्या 0 या 1 निर्धारित की जानी है। इसके साथ ही एससी-एसटी वर्ग के लिए पदों की गणना के संबंध में भी अधिकारियों को जानकारी दी जाएगी।
इन विभागों के अधिकारी बुलाए गए
बैठक में सामान्य प्रशासन विभाग, औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन, कृषि, योजना, एमएसएमई, मत्स्य, उच्च शिक्षा, जल संसाधन, श्रम, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, सामाजिक न्याय, संस्कृति, तकनीकी शिक्षा, वाणिज्यिक कर, उद्यानिकी, जेल, जनजातीय कार्य, लोक निर्माण, परिवहन और कुटीर एवं ग्रामोद्योग विभाग के अधिकारी शामिल होंगे।
स्पीक ने जताया विरोध
सामान्य, पिछड़ा एवं अल्पसंख्यक वर्ग अधिकारी-कर्मचारी संस्था (SPEAK) ने प्रस्तावित नियमों का विरोध किया है। संस्था के अध्यक्ष डॉ. के.एस. तोमर ने कहा कि सरकार न्यायालय का फैसला आने से पहले ही पदोन्नति प्रक्रिया शुरू करने की तैयारी कर रही है, जिससे सामान्य, पिछड़ा एवं अल्पसंख्यक वर्ग के कर्मचारियों को नुकसान हो सकता है।
2016 से लंबित मामलों का उठाया मुद्दा
संस्था का कहना है कि वर्ष 2016 से पदोन्नति प्रक्रिया प्रभावित है। यदि नए नियम केवल 2025 से लागू किए गए तो 2016 से 2025 के बीच प्रभावित कर्मचारियों और इस अवधि में सेवानिवृत्त हुए अधिकारियों के हित प्रभावित होंगे।
इन प्रावधानों पर आपत्ति
SPEAK ने वरिष्ठता निर्धारण, कॉमन विचारण सूची, आरक्षित वर्ग के अधिकारियों को अनारक्षित पदों पर विचार, प्रतीक्षा सूची और बैकलॉग पदों को भविष्य के लिए सुरक्षित रखने जैसे प्रावधानों पर भी आपत्ति जताई है। संस्था का कहना है कि बैठक के बाद वह अपने अगले कदम की घोषणा करेगी।

