26 March 2026: पेट्रोल-डीजल को लेकर राहत की खबर, गैस उपभोक्ताओं के लिए अहम निर्देश जारी, पढ़ें आज की इंदौर की खबरें
इंदौर अग्निकांड को लेकर पुलिस जांच में बड़ा खुलासा। हादसे के वक्त चार्जिंग पर लगी हुई थी इलेक्ट्रिक कार।
इंदौर में पेट्रोल-डीजल की आपूर्ति सामान्य, घबराने की जरूरत नहीं
इंदौर में पेट्रोल और डीजल को लेकर राहत की खबर है। शहर में ईंधन की भरपूर आपूर्ति हो रही है और हालात तेजी से सामान्य होते जा रहे हैं। प्रशासन ने साफ किया है कि घबराने की कोई जरूरत नहीं है। दरअसल इंदौर में बीते दिनों अचानक बढ़ी मांग के बाद अब पेट्रोल और डीजल की स्थिति नियंत्रण में है। बुधवार को शहर में करीब 29 लाख लीटर पेट्रोल और लगभग 35 लाख लीटर डीजल की बिक्री हुई, जो सामान्य दिनों की तुलना में तीन गुना अधिक है। जबकि आमतौर पर इंदौर में रोजाना करीब 10 लाख लीटर पेट्रोल और 15 लाख लीटर डीजल की खपत होती है, लेकिन बढ़ती मांग के चलते खपत में अचानक उछाल देखने को मिला।
वहीं, फिलहाल पेट्रोल पंपों पर 2 से 3 दिनों का स्टॉक उपलब्ध है, जबकि डिपो पर लगभग 45 दिनों का पर्याप्त भंडारण मौजूद है। इंदौर डिपो से न सिर्फ शहर बल्कि इंदौर और उज्जैन संभाग के 12 जिलों में पेट्रोल और डीजल की सप्लाई की जा रही है। स्थिति को संभालने के लिए इंदौर से करीब 380 टैंक लॉरी विभिन्न जिलों के लिए रवाना की गई हैं। साथ ही हर जिले में आपूर्ति बनाए रखने के लिए पेट्रोल नापतौल इंस्पेक्टर्स की तैनाती भी की गई है। जिला आपूर्ति नियंत्रक एमएल मारू ने बताया कि इंदौर में पेट्रोल-डीजल की कोई कमी नहीं है। पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और लगातार आपूर्ति की जा रही है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि वे अनावश्यक रूप से घबराकर अधिक खरीदारी न करें।
सरकार के नए निर्देश, पीएनजी अपनाने होंगे उपभोक्ताओं को
खाड़ी देशों में चल रहे तनाव और पेट्रोलियम पदार्थों की आपूर्ति को लेकर बनी अनिश्चितता के बीच भारत सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। सरकार ने गैस उपभोक्ताओं को लेकर दो अहम निर्देश जारी किए हैं, जिनका सीधा असर आम लोगों पर पड़ेगा। दरअसल भारत सरकार के नए निर्देशों के अनुसार, जिन उपभोक्ताओं के पास पाइपलाइन गैस यानी पीएनजी कनेक्शन के साथ एलपीजी कनेक्शन भी है, उन्हें अपना एलपीजी कनेक्शन अनिवार्य रूप से सरेंडर करना होगा और पीएनजी के माध्यम से ही गैस का उपयोग करना होगा।
इसके साथ ही दूसरे फैसले में यह स्पष्ट किया गया है कि जिन इलाकों या बिल्डिंग्स में पीएनजी यानी पाइपलाइन गैस की सुविधा उपलब्ध है, वहां रहने वाले सभी उपभोक्ताओं को अगले 3 महीनों के भीतर पीएनजी कनेक्शन लेना अनिवार्य होगा। यदि तय समय सीमा के भीतर कोई उपभोक्ता पीएनजी कनेक्शन नहीं लेता है, तो उसका एलपीजी कनेक्शन स्वतः ही समाप्त मान लिया जाएगा। इस संबंध में जिला आपूर्ति नियंत्रक एम.एल. मारू के मुताबिक, पीएनजी गैस की 50 प्रतिशत से अधिक आपूर्ति देश में ही तैयार होने वाली नेचुरल गैस से होती है और यह एलपीजी के मुकाबले सस्ती भी है। ऐसे में ज्यादा से ज्यादा लोग पीएनजी अपनाते हैं तो भारत की विदेशी पेट्रोलियम पर निर्भरता भी कम होगी। फिलहाल इस फैसले के बाद उपभोक्ताओं को जल्द ही अपने गैस कनेक्शन को लेकर आवश्यक निर्णय लेना होगा।
बृजेश्वरी एनएक्स कॉलोनी में आग शॉर्ट सर्किट से लगी
इंदौर के कनाड़िया रोड स्थित बृजेश्वरी एनएक्स कॉलोनी में 18 मार्च को हुए भीषण आग हादसे को लेकर अब बड़ा खुलासा हुआ है। जांच में साफ हो गया है कि यह हादसा शॉर्ट सर्किट के कारण हुआ, जो इलेक्ट्रिक कार की चार्जिंग के दौरान लगा था। इस दर्दनाक घटना में एक ही परिवार के 8 लोगों की जान चली गई थी। दरअसल इंदौर के बृजेश्वरी एनएक्स कॉलोनी में हुए इस हादसे की जांच में पुलिस को अहम सुराग मिले हैं।
जांच के अनुसार, घर में खड़ी इलेक्ट्रिक कार को रोजाना की तरह रात में चार्ज पर लगाया गया था। पुलिस को दिए गए बयानों में परिवार के सदस्यों सौरभ पुगलिया, सौमिल पुगलिया और हर्षित पुगलिया ने बताया कि भले ही सौरभ ने कार की चार्जिंग बंद कर दी थी, लेकिन रात करीब 11 बजे हर्षित ने दोबारा कार को चार्ज पर लगा दिया था। इसी दौरान हुए शॉर्ट सर्किट से आग भड़क उठी और देखते ही देखते पूरे घर को अपनी चपेट में ले लिया। इस दर्दनाक हादसे में मनोज पुगलिया, उनकी बहू सिमरन सहित कुल 8 लोगों की मौत हो गई थी, जिसमें बच्चे भी शामिल थे।
वहीं, इस घटना के बाद प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव भी पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचे थे। वहीं शुरुआती दौर में परिवार की ओर से आग लगने की वजह घर के पास स्थित इलेक्ट्रिक पोल को बताया गया था, लेकिन जांच में यह स्पष्ट हो गया है कि हादसा ईवी कार की चार्जिंग के दौरान हुए शॉर्ट सर्किट से ही हुआ। इसी बीच, हाल ही में जब परिवार के सदस्य जले हुए घर में सामान देखने पहुंचे, तो उन्हें एक और अवशेष मिलने की आशंका हुई, जिसे पुलिस की मौजूदगी में परिवार द्वारा दफना दिया गया। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की विस्तृत जांच कर रही है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।
राधा नगर बेकरी में गैस सिलेंडर ब्लास्ट का वीडियो वायरल
इंदौर के राधा नगर में बेकरी में लगी आग का एक वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में कई धमाकों की आवाज सुनाई दे रही है, जिससे इलाके में दहशत का माहौल बन गया था। दरअसल चंदन नगर थाना क्षेत्र के सिहासा स्थित राधा नगर में एक टोस्ट बनाने वाली बेकरी में बुधवार सुबह लगी आग के बाद अब इसका वीडियो सामने आया है। वायरल वीडियो में एक के बाद एक करीब 10 धमाकों की आवाजें सुनाई दे रही हैं। सोशल मीडिया पर दावा किया जा रहा है कि बेकरी में बड़ी संख्या में गैस सिलेंडर रखे हुए थे और उन्हीं के फटने से ये धमाके हुए।
हालांकि, जब इस मामले में इंदौर पुलिस अधिकारियों से बात की गई, तो उन्होंने पुष्टि की है कि मौके पर गैस सिलेंडर ब्लास्ट जरूर हुआ है, लेकिन फिलहाल केवल दो कमर्शियल सिलेंडर के फटने की ही पुष्टि हुई है। जिसमें पुलिस का कहना है कि अभी फॉरेंसिक जांच बाकी है। एफएसएल टीम के मौके पर पहुंचने और जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि बेकरी में कुल कितने सिलेंडर मौजूद थे और कितने सिलेंडर में विस्फोट हुआ। फिलहाल इस घटना के बाद पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है।
डेली कॉलेज की सोशल मीडिया छवि खराब करने वाले चार गिरफ्तार
इंदौर के प्रतिष्ठित शैक्षणिक संस्थान डेली कॉलेज की छवि सोशल मीडिया पर खराब करने के मामले में क्राइम ब्रांच ने बड़ी कार्रवाई की है। इस मामले में चार लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। दरअसल इंदौर क्राइम ब्रांच ने डेली कॉलेज से जुड़े एक गंभीर मामले में चार आरोपियों के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया है। आरोप है कि साल 2024 में साजिश के तहत फर्जी इंस्टाग्राम अकाउंट बनाकर संस्था और उसके प्रबंधन के खिलाफ आपत्तिजनक और भ्रामक पोस्ट किए जा रहे थे। जिसमें डेली कॉलेज सोसायटी की शिकायत के आधार पर की गई है।
शिकायत में संदीप पारेख, अनुराग जैन, रंजीत सिंह और मानवीर सिंह को आरोपी बनाया गया है। जिसमें आरोपियों ने “VoiceOfDC” नाम से एक फर्जी इंस्टाग्राम अकाउंट तैयार किया था, जिसके जरिए कॉलेज, उसके बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स और प्रबंधन के खिलाफ लगातार झूठी जानकारी प्रसारित की जा रही थी। फिलहाल क्राइम ब्रांच ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि इस साजिश के पीछे और कौन-कौन लोग शामिल हैं।
ऑपरेशन क्लीन: हेड कांस्टेबल दीपक थापा निलंबित
इंदौर में पुलिस कमिश्नरेट के ऑपरेशन क्लीन के तहत बड़ी कार्रवाई की गई है। हेड कांस्टेबल का प्रभार संभाल रहे दीपक थापा को वापस कांस्टेबल बना दिया गया है, वहीं उन्हें निलंबित भी कर दिया गया है। दरअसल इंदौर पुलिस द्वारा चलाए जा रहे ऑपरेशन क्लीन के तहत यह सख्त कदम उठाया गया है। प्रभारी हेड कांस्टेबल दीपक थापा, जिन्हें कुछ समय पहले कांस्टेबल रहते हुए हेड कांस्टेबल का प्रभार दिया गया था, अब विवादों में घिरने के बाद कार्रवाई का सामना कर रहे हैं। वही दीपक थापा के अश्लील वीडियो सामने आने के बाद मामला गंभीर हो गया था।
आरोप है कि वह पुलिस कॉलोनी में महिलाओं के सामने अश्लील हरकतें करता था। जिसमें बताया जा रहा है कि कॉलोनी में रहने वाली महिलाओं ने इस पूरे मामले की शिकायत पुलिस कमिश्नर से की थी, जिसके बाद जांच शुरू हुई और अब कार्रवाई करते हुए दीपक थापा को निलंबित कर दिया गया था। वहीं, अब कार्रवाई को आगे बढ़ाते हुए उनका प्रभार भी उनसे वापस ले लिया गया है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है और आगे भी सख्त कार्रवाई के संकेत दिए जा रहे हैं।
शादी का झांसा देकर महिला से ठगी करने वाला आरोपी गिरफ्तार
इंदौर से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। जहां शादी का झांसा देकर महिला से ठगी करने वाले गुजरात के एक आरोपी को तुकोगंज पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी ने एक महिला प्रोफेसर से शादी का वादा कर लाखों की ठगी और दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया था। दरअसल अहमदाबाद की एक महिला प्रोफेसर ने खुद हिम्मत दिखाते हुए आरोपी को पकड़वाने में अहम भूमिका निभाई। जिसमें गुजरात के रहने वाले आरोपी अमित चौबे ने शादी का झांसा देकर महिला प्रोफेसर से करीब 50 लाख रुपये की ठगी की और उसके साथ दुष्कर्म भी किया।
शिकायत दर्ज कराने के बाद पीड़िता ने खुद आरोपी की तलाश शुरू की और उसे इंदौर बुलाने में कामयाब रही। जिसमें जैसे ही आरोपी छप्पन दुकान इलाके में पहुंचा, तब महिला प्रोफेसर ने स्थानीय पुलिस की मदद से उसे धर दबोचा। इसके बाद तुकोगंज थाना पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लिया और आगे की कार्रवाई करते हुए उसे अहमदाबाद पुलिस के सुपुर्द कर दिया। फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और आशंका जताई जा रही है कि उसने इसी तरह कई अन्य महिलाओं को भी अपना शिकार बनाया हो सकता है।
लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े आरोपी मनीष जांगिड़ की रिमांड खत्म
इंदौर क्राइम ब्रांच द्वारा अशोकनगर से प्रोडक्शन वारंट पर लाए गए आरोपी मनीष जांगिड़ की रिमांड आज खत्म होने जा रही है। मामले में क्राइम ब्रांच एक बार फिर आरोपी को न्यायालय में पेश करेगी और रिमांड बढ़ाने की मांग करेगी। दरअसल इंदौर क्राइम ब्रांच की गिरफ्त में आए आरोपी मनीष जांगिड़ के तार कुख्यात लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े बताए जा रहे हैं। आरोपी के खिलाफ इंदौर के तुकोगंज थाने में संजय जैन नामक एक व्यापारी को धमकी देने का मामला दर्ज है।
बताया जा रहा है कि मनीष जांगिड़ को अशोकनगर पुलिस ने उस समय गिरफ्तार किया था, जब वह हवाई फायरिंग और पेट्रोल पंप पर हमला करने की फिराक में था। इस पूरे मामले में क्राइम ब्रांच ने चार अन्य आरोपियों के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज की है। वहीं पुलिस लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े हरि बॉक्सर और रितिक बॉक्सर की तलाश में जुटी हुई है, जबकि दो अन्य आरोपी फिलहाल जेल में बंद हैं। अब देखना होगा कि क्राइम ब्रांच की मांग पर अदालत मनीष जांगिड़ की रिमांड बढ़ाती है या नहीं।
Varsha Shrivastava 
