मऊगंज में TET अनिवार्यता के खिलाफ शिक्षकों का प्रदर्शन, हजारों की रैली निकालकर सौंपा ज्ञापन

मध्य प्रदेश के मऊगंज जिला मुख्यालय में बुधवार को टीईटी (शिक्षक पात्रता परीक्षा) की अनिवार्यता के विरोध में शिक्षकों ने जोरदार प्रदर्शन किया.

मऊगंज में TET अनिवार्यता के खिलाफ शिक्षकों का प्रदर्शन, हजारों की रैली निकालकर सौंपा ज्ञापन

मध्य प्रदेश के मऊगंज जिला मुख्यालय में बुधवार को टीईटी (शिक्षक पात्रता परीक्षा) की अनिवार्यता के विरोध में शिक्षकों ने जोरदार प्रदर्शन किया. अध्यापक शिक्षक संयुक्त मोर्चा मध्यप्रदेश के प्रांतीय आह्वान पर जिले भर से पहुंचे हजारों शिक्षकों ने विशाल रैली निकालकर कलेक्ट्रेट पहुंचकर मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा.रैली में शामिल शिक्षकों ने टीईटी की अनिवार्यता समाप्त करने और सेवा अवधि की गणना प्रथम नियुक्ति तिथि से किए जाने की मांग प्रमुखता से उठाई. प्रदर्शन के दौरान शिक्षकों में भारी आक्रोश देखने को मिला.

संयोजक मंडल के सदस्य कौसलेश चतुर्वेदी ने बताया कि वर्तमान में शिक्षकों की वरिष्ठता को लेकर दोहरे मापदंड अपनाए जा रहे हैं. क्रमोन्नति और पदोन्नति के लिए वरिष्ठता की गणना प्रथम नियुक्ति तिथि से की जा रही है, जबकि ग्रेच्युटी और पेंशन के लिए 1 जुलाई 2018 से गणना की जा रही है, जिससे शिक्षकों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है. उन्होंने मांग की कि सभी प्रकार के स्वत्वों के लिए वरिष्ठता की गणना प्रथम नियुक्ति तिथि (शिक्षाकर्मी, गुरुजी एवं संविदा शाला शिक्षक पद) से ही की जाए. 

प्रदर्शन के दौरान शिक्षकों ने टीईटी अनिवार्यता पर सवाल उठाते हुए कहा कि 25 से 30 वर्षों का अनुभव रखने वाले शिक्षकों के लिए यह नियम पूरी तरह अनुचित है. भर्ती के समय तय किए गए मानकों को पूरा कर चुके शिक्षकों पर सेवा के दौरान नए नियम थोपना अन्यायपूर्ण है. इससे शिक्षकों में असंतोष और मानसिक तनाव बढ़ रहा है. संयुक्त मोर्चा के कार्यकारी जिलाध्यक्ष संतोष द्विवेदी के नेतृत्व में कलेक्टर मऊगंज को सौंपे गए ज्ञापन में सरकार से टीईटी अनिवार्यता को तत्काल समाप्त करने की मांग की गई.