इंदौर कलेक्टर शिवम वर्मा सख्त, अकाउंटेंट के निलंबन और प्राचार्य को नोटिस के दिए निर्देश

एक साल से लंबित था पेंशन भुगतान, कलेक्टर ने लगाई अधिकारी को फटकार; 3 दिन का वेतन काटने के साथ कार्रवाई के निर्देश

इंदौर कलेक्टर शिवम वर्मा सख्त, अकाउंटेंट के निलंबन और प्राचार्य को नोटिस के दिए निर्देश

इंदौर में पेंशन प्रकरण में लापरवाही बरतने वाले शिक्षा विभाग के अधिकारियों पर कलेक्टर शिवम वर्मा का सख्त रवैया देखने को मिला। टीएल बैठक में सीएम हेल्पलाइन पर दर्ज एक शिकायत की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने जिम्मेदार अधिकारियों को जमकर फटकार लगाई। साथ ही दोषी अधिकारी का तीन दिन का वेतन काटने, संबंधित अकाउंटेंट को निलंबित करने और लापरवाही बरतने वाले प्राचार्य को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।

दरअसल, के कलेक्टर कार्यालय पर टीएल बैठक में सीएम हेल्पलाइन पर दर्ज एक शिकायत की सुनवाई के दौरान सामने आया कि सेवानिवृत्त शिक्षक की पत्नी के निधन के बाद उनके जीपीएफ और अन्य एरियर भुगतान का प्रकरण समय पर आगे नहीं भेजा गया। शिकायतकर्ता सुनील गुप्ता पिछले करीब एक वर्ष से विभाग के चक्कर लगा रहे थे। समय पर भुगतान नहीं मिलने से परेशान होकर उन्होंने मुख्यमंत्री हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराई थी।

मामले को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर शिवम वर्मा ने शिक्षा विभाग के संबंधित अधिकारी का तीन दिन का वेतन काटने के निर्देश दिए। इसके साथ ही लापरवाही बरतने वाले प्राचार्य को कारण बताओ नोटिस जारी करने और संबंधित अकाउंटेंट को निलंबित करने के निर्देश भी दिए। कलेक्टर ने जिला शिक्षा अधिकारी को निर्देशित किया कि विभाग में लंबित पेंशन, जीपीएफ और अन्य भुगतान संबंधी सभी प्रकरणों का शीघ्र निराकरण सुनिश्चित किया जाए। कलेक्टर शिवम वर्मा ने स्पष्ट कहा कि जनहित से जुड़े मामलों और शासन की योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। समयसीमा में कार्य नहीं करने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ आगे भी इसी तरह सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।