शहरी जीवन को आसान बनाने में MP सफल, नगरीय विकास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने गिनाईं सरकार की उपलब्धियां

शहरी जीवन को आसान बनाने में मध्यप्रदेश को मिली बड़ी सफलता, नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में गिनाईं उपलब्धियां

शहरी जीवन को आसान बनाने में MP सफल, नगरीय विकास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने गिनाईं सरकार की उपलब्धियां
Minister Kailash Vijayvargiya PC

भोपाल। मध्यप्रदेश सरकार ने शहरी जीवन को सुविधाजनक, स्वच्छ और सुरक्षित बनाने की दिशा में बड़ी उपलब्धियां हासिल की हैं। यह बात नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने भोपाल में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में कही। उन्होंने बताया कि केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन से प्रदेश के शहरों की तस्वीर तेजी से बदल रही है।

17 लाख से अधिक आवासों का निर्माण पूरा

मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के तहत मध्यप्रदेश में अब तक 17 लाख से अधिक आवासों का निर्माण पूरा किया जा चुका है। योजना के बेहतर क्रियान्वयन के कारण मध्यप्रदेश को देशभर में दूसरा स्थान प्राप्त हुआ है। सरकार का लक्ष्य है कि कोई भी पात्र शहरी परिवार बिना पक्के मकान के न रहे। इसी उद्देश्य से PMAY-U 2.0 के तहत कार्य तेजी से जारी है। अब तक 300 से अधिक परियोजनाएं पूरी हो चुकी हैं, जबकि अन्य पर काम प्रगति पर है।

स्वच्छता के क्षेत्र में भी मध्यप्रदेश ने राष्ट्रीय स्तर पर अपनी मजबूत पहचान बनाई है। स्वच्छ सर्वेक्षण 2024 में प्रदेश के 8 शहरों को राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त हुए हैं। वहीं इंदौर ने लगातार एक बार फिर देश का सबसे स्वच्छ शहर बनकर प्रदेश का नाम रोशन किया है। मंत्री ने कहा कि यह सफलता शहरी निकायों, कर्मचारियों और नागरिकों के सामूहिक प्रयास का परिणाम है।

मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि आने वाले समय में सरकार शहरी विकास से जुड़ी योजनाओं को और अधिक प्रभावी बनाएगी, ताकि मध्यप्रदेश के शहर स्मार्ट, स्वच्छ और आत्मनिर्भर बन सकें।

पर्यावरण के लिए ई-बस सेवा का विस्तार

मंत्री विजयवर्गीय ने बताया कि प्रदेश के 338 नगरीय निकायों को ओडीएफ डबल प्लस और 24 नगरीय निकायों को ओडीएफ प्लस का दर्जा प्राप्त हुआ है। इससे यह स्पष्ट होता है कि प्रदेश में स्वच्छता व्यवस्था लगातार मजबूत हो रही है और खुले में शौच की समस्या पर प्रभावी नियंत्रण पाया गया है।

 शहरी परिवहन को आधुनिक और पर्यावरण के अनुकूल बनाने के लिए ई-बस सेवा का विस्तार किया गया है। इंदौर, भोपाल, जबलपुर सहित कई प्रमुख शहरों में ई-बसों का संचालन शुरू हो चुका है। इससे यात्रियों को सस्ती, सुरक्षित और सुविधाजनक यात्रा मिल रही है, साथ ही प्रदूषण में भी कमी आ रही है।

इसके अलावा अमृत मिशन, जल संरक्षण योजनाएं और राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन के माध्यम से पेयजल, सीवरेज, रोजगार और कौशल विकास के क्षेत्रों में भी बड़े पैमाने पर कार्य किए गए हैं। इन योजनाओं से लाखों शहरी नागरिकों को सीधा लाभ मिला है।