Bhopal के दुकानदारों को बड़ी राहत, CM Mohan Yadav की बैठक के बाद फिलहाल नहीं होगी सीलिंग कार्रवाई
Bhopal में Commercial Shops पर कार्रवाई रुकी, हाईलेवल कमेटी करेगी Supreme Court के आदेशों की समीक्षा
Bhopal के रिहायशी इलाकों में संचालित व्यावसायिक प्रतिष्ठानों पर चल रही कार्रवाई के बीच व्यापारियों को बड़ी राहत मिली है। Chief Minister Dr. Mohan Yadav की अध्यक्षता में रविवार देर शाम मुख्यमंत्री निवास पर हुई उच्चस्तरीय बैठक में फैसला लिया गया कि फिलहाल दुकानों को सील करने की कार्रवाई नहीं की जाएगी।
साथ ही पूरे मामले की जांच के लिए राज्य सरकार एक High-Level Committee का गठन करेगी। समिति की रिपोर्ट आने तक व्यापारियों को राहत देने के संकेत दिए गए हैं। ऐसे में सोमवार से हाल ही में बंद कराई गई कई दुकानें दोबारा खुल सकती हैं।
मुख्यमंत्री निवास पर हुई अहम बैठक
मुख्यमंत्री निवास पर हुई बैठक में मंत्री Vishvas Sarang, Krishna Gaur और विधायक Rameshwar Sharma, Bhagwandas Sabnani सहित कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। बैठक में प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल हुए।
इनमें Chief Secretary Ashok Barnwal, Additional Chief Secretary Neeraj Mandloi, Urban Administration Commissioner Sanket Bhondve, Town and Country Planning Commissioner Kaushalendra Singh, Bhopal Collector Priyank Mishra और Bhopal Municipal Corporation Commissioner Sanskriti Jain शामिल थे।
बैठक में रिहायशी इलाकों में चल रही व्यावसायिक गतिविधियों और नगर निगम की कार्रवाई पर विस्तार से चर्चा की गई।
High-Level Committee करेगी पूरे मामले की जांच
मुख्यमंत्री Dr. Mohan Yadav ने कहा कि Supreme Court ने देश की 28 राज्य राजधानियों में आवासीय क्षेत्रों में संचालित व्यावसायिक गतिविधियों को लेकर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। लेकिन इन आदेशों को लेकर Bhopal के व्यापारियों में भ्रम और चिंता का माहौल बन गया है।
इसी को देखते हुए सरकार ने वरिष्ठ अधिकारियों की एक High-Level Committee बनाने का फैसला किया है। यह समिति Supreme Court के आदेशों का बारीकी से अध्ययन करेगी, पूरे मामले की जांच करेगी और अपनी रिपोर्ट राज्य सरकार को सौंपेगी। इसके बाद आगे की कार्रवाई पर निर्णय लिया जाएगा।
सोमवार से खुल सकती हैं बंद दुकानें
बैठक के बाद संकेत मिले हैं कि Bhopal Municipal Corporation द्वारा हाल ही में बंद कराई गई दुकानों और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को सोमवार से दोबारा खोलने की अनुमति दी जा सकती है।
इस फैसले से Arera Colony, Rohit Nagar, Bawadiya Kalan और अन्य रिहायशी इलाकों में व्यवसाय कर रहे हजारों दुकानदारों को फिलहाल राहत मिलने की उम्मीद है। व्यापारियों का कहना है कि इससे उनके कारोबार पर पड़ रहा तत्काल असर कम होगा।
रहवासियों के विरोध के बाद बदला माहौल
सरकारी बैठक से पहले Arera Colony, Rohit Nagar, Bawadiya Kalan और अन्य क्षेत्रों के रहवासी सड़कों पर उतर आए थे। उन्होंने नगर निगम की कार्रवाई को लेकर विरोध प्रदर्शन किया और रैली निकाली।
रहवासियों का आरोप था कि कई जगह सीलिंग की कार्रवाई केवल दिखावे के लिए की गई। उनका कहना था कि कुछ दुकानों को सील करने के बावजूद कई स्थानों पर व्यावसायिक गतिविधियां पहले की तरह जारी रहीं। उन्होंने दावा किया कि इस संबंध में सबूत भी अदालत के सामने रखे जाएंगे।
एक दिन पहले 19 प्रतिष्ठान किए गए थे सील
शनिवार को Bhopal Municipal Corporation ने अभियान चलाकर 19 व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को सील किया था। वहीं कार्रवाई शुरू होने से पहले 65 प्रतिष्ठान स्वयं ही बंद हो गए थे। हालांकि, शाम होते-होते कुछ दुकानों के दोबारा खुलने की खबर सामने आई, जिसके बाद स्थानीय रहवासियों ने नगर निगम की कार्रवाई पर सवाल उठाए। उनका कहना था कि नियमों का पालन सभी जगह समान रूप से होना चाहिए।
रहवासियों ने नेताओं को भी दी चेतावनी
Gautam Nagar में Sanyukt Rahvasi Sangharsh Samiti के नेतृत्व में निकाले गए पैदल मार्च में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। रहवासियों ने आरोप लगाया कि कई इलाकों में अवैध रूप से होटल, हॉस्टल और अन्य व्यावसायिक गतिविधियां संचालित हो रही हैं, जिससे स्थानीय लोगों को परेशानी हो रही है। प्रदर्शन के दौरान लोगों ने यह भी चेतावनी दी कि जो राजनीतिक दल या जनप्रतिनिधि अवैध निर्माण और व्यावसायिक गतिविधियों का समर्थन करेंगे, उनका आगामी चुनाव में विरोध किया जाएगा।
पूर्व Commissioner भी हुए शामिल
इस विरोध मार्च में Bhopal के पूर्व Commissioner Kavindra Kiyawat भी शामिल हुए। उन्होंने लोगों से शहर में नियमों के पालन और अवैध गतिविधियों के खिलाफ एकजुट रहने की अपील की।
वहीं Shahpura Samiti की अध्यक्ष Shubhra Goyal ने आरोप लगाया कि उनके क्षेत्र में कई अवैध निर्माणों पर अब तक प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों को भी प्रशासन के सामने रखा जाएगा।
व्यापारियों और रहवासियों की नजर सरकार के अगले फैसले पर
फिलहाल राज्य सरकार ने तत्काल सख्ती रोककर व्यापारियों को राहत देने का संकेत दिया है। अब सभी की नजर High-Level Committee की रिपोर्ट पर रहेगी। यह समिति Supreme Court के निर्देशों का अध्ययन कर बताएगी कि रिहायशी क्षेत्रों में चल रही व्यावसायिक गतिविधियों पर आगे किस तरह की कार्रवाई की जाए।
एक तरफ व्यापारी चाहते हैं कि उनका कारोबार बिना बाधा जारी रहे, वहीं दूसरी ओर रहवासी अपने क्षेत्रों में नियमों के सख्ती से पालन और अवैध व्यावसायिक गतिविधियों पर प्रभावी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। ऐसे में आने वाले दिनों में समिति की रिपोर्ट इस पूरे विवाद की दिशा तय करेगी।
Varsha Shrivastava 
