CM मोहन यादव पर लगे आरोप बेबुनियाद बोले BJP प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल

CM मोहन यादव पर लगे आरोप बेबुनियाद, बदनाम करने का प्रयास कर रही कांग्रेस : खंडेलवाल

CM मोहन यादव पर लगे आरोप बेबुनियाद बोले BJP प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल

भोपाल: कांग्रेस द्वारा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव पर जमीनों की खरीद-फरोख्त के लगाए गए गंभीर आरोपों पर बीजेपी ने पलटवार किया। मध्य प्रदेश भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि कांग्रेस मुख्यमंत्री मोहन यादव के खिलाफ दुष्प्रचार कर रही है क्योंकि विपक्ष पिछड़े वर्ग का नेतृत्व बर्दाश्त नहीं कर पा रहा है। उन्होंने मुख्यमंत्री, उनकी पत्नी व बेटे के नाम रजिस्टर्ड जमीनों की हकीकत बताते हुए कांग्रेस को निशाने पर लिया।

कांग्रेस के आरोप पर बीजेपी का पलटवार

इससे पहले कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव पर जमीन खरीद फरोख्त के गंभीर आरोप लगाए और कहा कि सीएम ने परिवार के नाम पर 335 एकड़ जमीन खरीदी है। भारतीय जनता पार्टी ने इन आरोपों का खंडन करते हुए कहा कि कांग्रेस पार्टी भ्रम की स्थिति पैदा कर रही है। प्रदेश की जनता कांग्रेस के षड्यंत्र को बर्दाश्त नहीं करेगी मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव लोकप्रिय नेता हैं और प्रदेश को विकसित राज्य बनाने की दिशा में दिन-रात मेहनत कर रहे हैं।

बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष ने बताई हकीकत

बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने कहा, '' कांग्रेस पार्टी द्वारा हमारे लोकप्रिय मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव पर जो आरोप लगाए गए हैं, वो पूरी तरह गलत और निराधार हैं। कांग्रेस नेता भ्रम की स्थिति पैदा करने की कोशिश कर रहे हैं, इसमें बिल्कुल भी सच्चाई नहीं है। मैं बताना चाहता हूं कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा साल 2023 में जो नामांकन दाखिल किया गया था, उसके मुताबिक उस वक्त उनके पास 17 एकड़ की जो जमीन थी, वो साल 2026 में भी उतनी ही है।

हेमंत खंडेलवाल ने आगे कहा, सीएम की पत्नी सीमा यादव के नाम 12.29 एकड़ की जो जमीन थी इसमें भी 2026 में कोई परिवर्तन नहीं हुआ है। वहीं, सीएम की एक कथित कंपनी सिद्धि विनायक, जिसका आरोप में जिक्र किया गया, उसके पास 2023 में 68 एकड़ जमीन थी, जो जून में घटकर 65 एकड़ रह गई और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव साल 2017 में इसके डायरेक्टर पद से पहले ही इस्तीफा दे चुके हैं।

बेटे बहू को दी गई जमीन का भी जिक्र

प्रदेश अध्यक्ष खंडेलवाल ने कांग्रेस द्वारा लगाए गए आरोपों का खंडन करते हुए आगे कहा, '' सीएम के बेटे वैभव के पास भी 2023 से पहले जो 16 एकड़ जमीन थी, उसमें भी डॉ. मोहन यादव के सीएम बनने के बाद कोई अंतर नहीं है, सारी जमीन मास्टर प्लान लागू होने से पहले की थी और आज भी वैसी ही है। सीएम की बहू शालिनी द्वारा खरीदी गई 10 एकड़ की कृषि भूमि भी मास्टर प्लान क्षेत्र के बाहर की है।

CM के रिश्तेदार कांग्रेस के खिलाफ लेंगे एक्शन

प्रदेश अध्यक्ष ने आगे कहा, '' आरोपों में मुख्यमंत्री के जिन रिश्तेदारों का जिक्र किया गया है, वो भी पूरी तरह से गलत और निराधार है। मुख्यमंत्री और उनके परिवार का इससे कोई लेना देना नहीं है और उनके रिश्तेदारों, परिजनों का अपना स्वतंत्र अस्तित्व है। मेरी जानकारी में यह आया है कि कांग्रेस द्वारा मुख्यमंत्री के जिन रिश्तेदारों पर जो आरोप लगाए गए, उसमें गलत तथ्य हैं। ऐसे में वे भी अपनी बात कहेंगे और कार्रवाई करेंगे।'

पिछड़े वर्ग का नेतृत्व बर्दाश्त नहीं करती कांग्रेस

प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने कहा, '' मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव प्रदेश में लगातार काम करते हुए विकास की रफ्तार को बनाए हुए हैं चाहे किसानों की बात करें या उद्योगों के विकास की बात करें, ये बात कांग्रेस को नहीं पच रही है। जब-जब एक पिछड़े वर्ग का मुख्यमंत्री इस प्रदेश को मिला, चाहे उमा भारती हों, चाहे शिवराज सिंह चौहान हों, या मोहन यादव हों, कांग्रेस ने उनके खिलाफ षडयंत्र करके , उनको कमजोर करने का काम किया। समाज के ठेकेदार, जिन्हें प्रदेश में पिछड़े वर्ग का नेतृत्व स्वीकार नहीं होता, वे लगातार इस तरह के षडयंत्र करते हैं इसे प्रदेश की जनता कतई बर्दाश्त नहीं करेगी।