अहिंसा वेलफेयर सोसायटी का संकल्प: एक वर्ष में बनाएंगे बाल विवाह मुक्त रीवा
गैरसरकारी संगठन अहिंसा वेलफेयर सोसायटी ने जिले को आगामी एक वर्ष में बाल विवाह मुक्त बनाने का संकल्प लिया है
गैरसरकारी संगठन अहिंसा वेलफेयर सोसायटी ने जिले को आगामी एक वर्ष में बाल विवाह मुक्त बनाने का संकल्प लिया है. यह पहल भारत सरकार की 100 दिन की विशेष कार्ययोजना और ‘बाल विवाह मुक्त भारत’ अभियान के तहत तेजी से आगे बढ़ाई जा रही है.
बाल विवाह उन्मूलन के लिए मजबूत रणनीति
संगठन ने महिला एवं बाल विकास विभाग, आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं, आशा कार्यकर्ताओं और पंचायत प्रतिनिधियों के साथ मिलकर व्यापक अभियान शुरू किया है. इस ‘100 दिवसीय गहन जागरूकता अभियान’ के तहत विशेष रूप से निम्न क्षेत्रों पर ध्यान दिया जा रहा है.
- स्कूल और शिक्षण संस्थान
- धार्मिक स्थल जहाँ विवाह संपन्न होते हैं
- विवाह सेवाओं से जुड़े पेशेवर
- पंचायत और नगरीय निकाय के वार्ड
- उद्देश्य है—समाज में गहराई तक फैली इस कुप्रथा को पूरी तरह खत्म करना।
- देशव्यापी नेटवर्क का हिस्सा
अहिंसा वेलफेयर सोसायटी, बाल अधिकारों की रक्षा के लिए काम करने वाले देश के सबसे बड़े नेटवर्क जस्ट राइट्स फॉर चिल्ड्रेन की सहयोगी संस्था है. इस नेटवर्क के 250 से अधिक संगठनों ने पिछले एक साल में देशभर में 1 लाख से भी अधिक बाल विवाह रोके हैं. सिर्फ रीवा जिले में ही अहिंसा वेलफेयर सोसायटी ने पिछले एक वर्ष में 563 बाल विवाह रुकवाए हैं.
अटल पार्क में जागरूकता कार्यक्रम
‘बाल विवाह मुक्त भारत’ अभियान के एक वर्ष पूर्ण होने पर 27 नवंबर को संगठन ने अटल पार्क, रीवा में नुक्कड़ नाटक और कई जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए.
इस दौरान

- जिले के 50 गाँवों को एक साथ बाल विवाह रोकने का संदेश दिया गया
- स्कूलों और ग्रामीण समुदायों में जागरूकता कार्यक्रम किए गए
- विभिन्न स्थानों पर शपथ ग्रहण समारोह आयोजित हुए
- जनसमुदाय को बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम के प्रावधानों की जानकारी दी गई
कार्यक्रम में अनेक विभागों का सहयोग
इस अभियान में महिला एवं बाल विकास विभाग का महत्वपूर्ण सहयोग रहा.
इसके अलावा.
- बाल अधिकार संरक्षण अधिकारी स्वाति श्रीवास्तव
- जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के लीगल वॉलेंटियर्स
- आंगनवाड़ी सुपरवाइज़र
- सामाजिक कार्यकर्ता
- संस्था से सुमित सिंह, चक्रपाणि मिश्र, आरती पटेल
और बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे -

अहिंसा वेलफेयर सोसायटी ने कहा कि समाज के सहयोग और प्रशासन के साथ समन्वय से रीवा जिले को समय पर बाल विवाह मुक्त बनाया जाएगा.
shivendra 
