MP का पहला बड़ा महिला स्वास्थ्य सेंटर भोपाल में तैयार, इन्फर्टिलिटी से कैंसर तक एक ही जगह मिलेगा इलाज
भोपाल के डॉ. कैलाशनाथ काटजू अस्पताल में महिलाओं के लिए अत्याधुनिक सेंटर शुरू हो रहा है, जहां बांझपन से लेकर सर्वाइकल कैंसर तक की जांच और इलाज एक ही जगह सस्ती दरों पर उपलब्ध होगा।
भोपाल: राजधानी में महिलाओं की स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर बड़ा कदम उठाया गया है। 23 मार्च से डॉ. कैलाशनाथ काटजू शासकीय अस्पताल में अत्याधुनिक स्टेट ऑफ द आर्ट सेंटर शुरू होने जा रहा है, जहां महिलाओं से जुड़ी लगभग हर बड़ी बीमारी का इलाज एक ही जगह पर मिलेगा। यह प्रदेश का पहला ऐसा सरकारी सेंटर होगा, जो इन्फर्टिलिटी से लेकर सर्वाइकल कैंसर तक की जांच और उपचार की सुविधा देगा।
23 मार्च को होगा उद्घाटन
इस सेंटर का शुभारंभ सोमवार 23 मार्च 2026 को उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल और राज्य मंत्री नरेन्द्र शिवाजी पटेल द्वारा किया जाएगा।यह सेंटर महिलाओं में तेजी से बढ़ रही बीमारियों के बीच एक बड़ी राहत और स्वास्थ्य सेवाओं में महत्वपूर्ण बदलाव के रूप में देखा जा रहा है।
अब अलग-अलग अस्पतालों के चक्कर खत्म
इस सेंटर के शुरू होने से महिलाओं को अलग-अलग अस्पतालों में भटकना नहीं पड़ेगा। यहां इन्फर्टिलिटी (नि:संतानता), पीसीओएस, हार्मोनल समस्याएं, मेनोपॉज, मोटापा और अनियमित पीरियड्स जैसी बीमारियों का इलाज एक ही छत के नीचे होगा।
हाईटेक मशीनें, एडवांस इलाज की सुविधा
करीब 2 करोड़ रुपए की लागत से बने इस सेंटर में आधुनिक मशीनें लगाई गई हैं। यहां आईयूआई जैसी एडवांस फर्टिलिटी ट्रीटमेंट सुविधा भी मिलेगी और विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम पूरी प्रक्रिया में मरीजों की मदद करेगी।
कैंसर की शुरुआती पहचान पर फोकस
सर्वाइकल कैंसर की जल्दी पहचान के लिए वीआईए तकनीक का उपयोग किया जाएगा। इससे बीमारी को शुरुआती चरण में पकड़कर समय पर इलाज संभव होगा, जिससे महिलाओं की जान बचाई जा सकेगी।
सस्ता इलाज, आम लोगों को राहत
सरकारी सेंटर में बांझपन का इलाज 40 से 80 हजार रुपए में हो सकेगा, जबकि निजी अस्पतालों में यही इलाज 2.5 से 3 लाख रुपए तक महंगा पड़ता है। इससे मरीजों को बड़ी आर्थिक राहत मिलेगी।
प्रदेश का पहला, सुविधाओं में बड़ा कदम
यह मध्यप्रदेश का पहला सरकारी प्रिवेंटिव गायनी ऑन्कोलॉजी एंड इन्फर्टिलिटी सेंटर होगा। इससे पहले ऐसी सुविधाएं सीमित थीं और महंगे निजी अस्पतालों तक ही सिमटी थीं।
sanjay patidar 
