भोपाल: ट्विशा शर्मा आत्महत्या केस में सास को मिली अग्रिम जमानत, पिता ने बेटी का शव लेने से किया इनकार
31 वर्षीय ट्विशा शर्मा की संदिग्ध मौत के मामले में नया मोड़ आया। कोर्ट ने सास गिरिबाला सिंह को अग्रिम जमानत दी, जबकि मायके पक्ष ने दोबारा पोस्टमार्टम और निष्पक्ष जांच की मांग उठाई।
भोपाल के कटारा हिल्स में हुई 31 वर्षीय ट्विशा शर्मा की संदिग्ध मौत का मामला लगातार चर्चा में बना हुआ है। इस केस में पुलिस ने ट्विशा के पति समर्थ सिंह और सास गिरिबाला सिंह के खिलाफ दहेज हत्या का मामला दर्ज किया है। गिरिबाला सिंह सेवानिवृत्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश रह चुकी हैं। मामले में अब नया मोड़ तब आया, जब भोपाल जिला अदालत ने सास गिरिबाला सिंह को अग्रिम जमानत दे दी।
जमानत याचिका में उन्होंने ट्विशा को लेकर कई गंभीर दावे किए हैं। उनका कहना है कि ट्विशा नशे की आदी थी और उसका मानसिक स्वास्थ्य से जुड़ा इलाज चल रहा था। उन्होंने यह भी कहा कि इलाज का खर्च ससुराल पक्ष की ओर से उठाया जा रहा था। वहीं, ट्विशा के परिवार ने इन दावों पर सवाल उठाए हैं और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है।

पिता ने किया शव लेने से इनकार
ट्विशा का शव पिछले कई दिनों से भोपाल एम्स की मर्चुरी में रखा हुआ है। परिवार ने शव लेने से इनकार कर दिया है और दोबारा पोस्टमार्टम की मांग पर अड़े हुए हैं। रविवार को ट्विशा के पिता नवनिधि शर्मा और उनके भाई ने सीएम हाउस पहुंचकर मुख्यमंत्री के ओएसडी से मुलाकात की। परिवार का कहना है कि उन्हें मामले में निष्पक्ष जांच चाहिए।

उन्होंने मांग की है कि ट्विशा का दूसरा पोस्टमार्टम दिल्ली एम्स में कराया जाए और केस की सुनवाई मध्य प्रदेश के बाहर किसी दूसरे राज्य में हो। परिजनों का आरोप है कि ट्विशा की सास रिटायर्ड जज हैं और पति पेशे से वकील हैं, इसलिए उन्हें जांच प्रभावित होने का डर है। परिवार ने पति और सास पर मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना के आरोप लगाए हैं।
शरीर पर चोट के निशान मिले , जबकि मौत की वजह फांसी बताई गई
31 साल की ट्विशा शर्मा नोएडा की रहने वाली थीं। वह मॉडलिंग भी करती थीं और शादी से पहले दिल्ली में नौकरी करती थीं। उनकी शादी भोपाल की रिटायर्ड जज गिरिबाला सिंह के बेटे और वकील समर्थ सिंह से शादी डॉट कॉम के जरिए तय हुई थी। दोनों ने दिसंबर 2025 में शादी की थी। शादी के कुछ समय बाद ट्विशा का गर्भपात हो गया था।

इसके बाद 12 मई 2026 को ट्विशा ने कथित तौर पर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतका के परिवार ने पति और सास पर परेशान करने और हत्या करने के आरोप लगाए हैं। शुरुआती पोस्टमार्टम रिपोर्ट में ट्विशा के शरीर पर चोट के निशान मिले हैं, जबकि मौत की वजह फांसी बताई गई है। मामले की जांच के लिए एसआईटी बनाई गई है। फिलहाल कटारा हिल्स थाना पुलिस मामले की जांच कर रही है।
ट्विशा शर्मा की जिंदगी की आखिरी रात
12 मई 2026 की रात ट्विशा शर्मा की जिंदगी की आखिरी रात बन गई। उनके पिता नवनिधि शर्मा ने बताया कि रात करीब 10 बजे ट्विशा ने अपनी मां को नोएडा फोन किया था। बातचीत के दौरान उसने कहा कि वह काफी परेशान है और अब सब कुछ सहन नहीं कर पा रही है। इसी बीच उसका पति कमरे में आ गया, जिसके बाद ट्विशा ने जल्दी में फोन काट दिया।

इसके बाद उसकी मां ने कई बार कॉल करने की कोशिश की, लेकिन ट्विशा ने फ़ोन नहीं उठाया। कुछ देर बाद, करीब 10:20 बजे, ट्विशा की सास गिरिबाला सिंह का फोन आया। उन्होंने बताया कि ट्विशा सांस नहीं ले रही है और उसे इलाज के लिए भोपाल एम्स ले जाया जा रहा है।
12 घंटे तक संपर्क में नहीं
अपनी अग्रिम जमानत याचिका में गिरिबाला सिंह ने बताया कि ट्विशा और समर्थ की शादी 9 दिसंबर 2025 को हुई थी। उनके अनुसार, 12 मई 2026 की रात ट्विशा ने बागमुगालिया एक्सटेंशन स्थित घर की छत पर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। याचिका में कहा गया है कि शादी के बाद ट्विशा कई बार नोएडा अपने मायके गई थीं। एक बार वह सुबह भोपाल से नोएडा गईं और देर रात वापस लौटीं। परिवार के मुताबिक, वह करीब 12 घंटे तक संपर्क में नहीं थीं और पूछने पर उन्होंने कुछ नहीं बताया।

दहेज नहीं मांगा, ट्विशा ड्रग्स लेती थी
गिरिबाला सिंह ने कोर्ट में कहा कि दहेज मांगने और पैसों के लिए परेशान करने के आरोप गलत हैं। उनका कहना है कि ट्विशा को खर्च के लिए समय-समय पर 5 हजार से 50 हजार रुपये तक दिए जाते थे। इसके लिए उन्होंने बैंक ट्रांजैक्शन के स्क्रीनशॉट भी कोर्ट में जमा किए हैं। जमानत अर्जी में यह भी दावा किया गया है कि ट्विशा को हाथ कांपने की समस्या थी और कुछ समय तक ड्रग्स न मिलने की वजह से वह चिड़चिड़ापन और व्यवहार में बदलाव जैसी परेशानियों से गुजर रही थीं। गिरिबाला सिंह के मुताबिक, इस बारे में ट्विशा के पिता को भी जानकारी थी।
प्रेगनेंसी की जानकारी के बाद कहा - घरेलू जिंदगी नहीं जी सकती
जमानत अर्जी में कहा गया है कि 17 अप्रैल 2026 को ट्विशा को अपनी प्रेगनेंसी के बारे में पता चला था। उसी दिन वह अपने पति समर्थ सिंह के साथ जांच के लिए हजेला अस्पताल गई थीं। कोर्ट में अस्पताल से जुड़े दस्तावेज भी पेश किए गए हैं। सास गिरिबाला सिंह का दावा है कि गर्भावस्था की जानकारी मिलने के बाद ट्विशा का व्यवहार बदल गया था। उनका कहना है कि घर लौटने के बाद ट्विशा ने सामान पैक किया और कहा कि वह नोएडा वापस जाना चाहती है, क्योंकि अब वह “घरेलू जिंदगी” नहीं जी सकती।

अर्जी में यह भी बताया गया है कि ट्विशा का इलाज भोपाल के मनोचिकित्सक डॉ. सत्यकांत त्रिवेदी के पास चल रहा था। साथ ही उन्हें काउंसलिंग के लिए काउंसलर काकोली राय के पास भी भेजा गया था। जानकारी के मुताबिक, ट्विशा ने कुछ तेलुगु फिल्मों में भी काम किया था। वह मॉडलिंग और विज्ञापनों में भी नजर आ चुकी थीं। बाद में उन्होंने एमबीए किया और दिल्ली की एक बड़ी कंपनी में नौकरी करने लगीं। आज भोपाल कोर्ट में पति समर्थ सिंह की अग्रिम जमानत अर्जी पर सुनवाई होनी है। वहीं, ट्विशा के परिवार की मांग है कि पोस्टमॉर्टम दिल्ली एम्स में कराया जाए और मामले की जांच किसी दूसरी एजेंसी से कराई जाए।
Varsha Shrivastava 
