मऊगंज में हाईवे के किनारे खून से लथपथ शव की हुई शिनाख्त, एंबुलेंस चालक निकला मृतक; चेहरे पर धारदार हथियार के निशान, हत्या की आशंका

मऊगंज जिले में मंगलवार को सड़क किनारे खून से लथपथ मिले अज्ञात युवक के शव की  24 घंटे बाद पहचान हो गई है। मृतक की पहचान सतना जिला अस्पताल में निजी एंबुलेंस चालक के रूप में कार्यरत लाला उर्फ सुधीर दाहिया के रूप में हुई है.

मऊगंज में हाईवे के किनारे खून से लथपथ शव की हुई शिनाख्त, एंबुलेंस चालक निकला मृतक; चेहरे पर धारदार हथियार के निशान, हत्या की आशंका

मऊगंज जिले में मंगलवार को सड़क किनारे खून से लथपथ मिले अज्ञात युवक के शव की  24 घंटे बाद पहचान हो गई है। मृतक की पहचान सतना जिला अस्पताल में निजी एंबुलेंस चालक के रूप में कार्यरत लाला उर्फ सुधीर दाहिया के रूप में हुई है.  चेहरे और शरीर पर धारदार हथियार से किए गए गंभीर वारों ने मामले को संदिग्ध बना दिया है। पुलिस प्रथम दृष्टया इसे हत्या मानते हुए जांच में जुट गई है.

मऊगंज थाना क्षेत्र रीवा बनारस नेशनल हाईवे के किनारे डगडौआ गांव के पास मंगलवार को एक युवक का शव मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई थी। मृतक के चेहरे सहित शरीर के कई हिस्सों में गहरे चोट के निशान थे। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और आसपास के जिलों में कंट्रोल रूम के माध्यम से पहचान के प्रयास शुरू किए गए। मीडिया में प्रकाशित खबरों के आधार पर बुधवार दोपहर मृतक की पहचान हो सकी. 

मृतक के पिता रमेश दाहिया सतना से मऊगंज पहुंचे और शव की शिनाख्त की। उन्होंने बताया कि उनका बेटा 29 दिसंबर को रीवा जाने की बात कहकर घर से निकला था। चोरहटा बायपास पर उसने अपने जीजा से मुलाकात की थी, इसके बाद दो दोस्तों के साथ चला गया। उसी के अगले दिन 30 दिसंबर को हाईवे पर मऊगंज जिले के डगडौआ गांव के पास लहू लुहान शव मिला।

एसडीओपी मऊगंज सची पाठक ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद स्थिति स्पष्ट होगी, लेकिन प्रारंभिक तौर पर यह हत्या का मामला प्रतीत हो रहा है। पुलिस ने परिजनों के बयान दर्ज कर लिए हैं और साइबर सेल की मदद से मृतक के साथ आखिरी बार देखे गए दोनों साथियों की तलाश की जा रही है। फिलहाल मामले की विवेचना जारी है और पुलिस पूरे मामले की गुत्थी सुलझाने में जुट गई है।