अमेरिका ने फिर बढ़ाया दोस्ती का हाथ! चीन-भारत के बढ़ते रिश्ते से डरा अमेरिका?
ट्रम्प ने कहा की भारत रूस से तेल खरीद रहा है. ऐसा लगता है की हमने भारत को खो दिया है. लेकिन भारत हमेशा हमारा अच्छा दोस्त रहेगा.
5 सितम्बर को सुबह 6 बजे ट्रम्प ने मीडिया को बयान देते हुए कहा की भारत हमेशा अमेरिका का दोस्त रहेगा. ट्रम्प ने रूस और चीन से बढ़ रही भारत की दोस्ती पर नाराजगी जताते हुए कहा की- भारत रूस से ज्यादा से ज्यादा तेल खरीद रहा है जिसकी वजह से मैंने भारत पर 50% टैरिफ लगाया हैं. इस दौरान जब एक पत्रकार ने ट्रम्प से पूछा की क्या वो भारत से रिश्तों को रिसेट करेंगे तो इसपर ट्रम्प ने कहा की-
"जरूर! मैं हमेशा मोदी का दोस्त रहूंगा. वो एक महान प्रधानमंत्री हैं. लेकिन इस समय वो जो कर रहे हैं वो मुझे पसंद नहीं आ रहा, लेकिन भारत और अमेरिका के बीच एक खास रिश्ता है और इसमें चिंता की कोई बात नहीं है".

BIG: US President Donald Trump’s big statement, he said –
— Ajit Doval ᴾᵃʳᵒᵈʸ???????? (@IAjitDoval_IND) September 6, 2025
I will always remain a friend of Modi
He is a great Prime Minister, he is truly great…
There is a special relationship between India and the US
There is nothing to worry about. pic.twitter.com/uv7laHCvvA
इस बयान के बात प्रधानमंत्री ने ट्रम्प के इस बयान को शेयर करते हुए X पर लिखा की-
"भारत राष्ट्रपति ट्रंप की भावनाओं और हमारे द्विपक्षीय संबंधों को लेकर उनकी सकारात्मक टिप्पणी की सराहना करता हैं. भारत और अमेरिका के बीच संबंध बहुत सकारात्मक और वैश्विक रणनीतिक साझेदारी पर आधारित हैं, जो आपसी विश्वास, साझा मूल्यों और सामान्य हितों पर टिके हुए हैं।"
Deeply appreciate and fully reciprocate President Trump's sentiments and positive assessment of our ties.
— Narendra Modi (@narendramodi) September 6, 2025
India and the US have a very positive and forward-looking Comprehensive and Global Strategic Partnership.@realDonaldTrump @POTUS https://t.co/4hLo9wBpeF
ट्रम्प का ये बयान तब आया है जब हाल ही में चीन में हुए SCO शिखर सम्मेलन में तीनों देश साथ दिखे थे.
Trump at 6am: I think we lost India to China.
— Facts (@BefittingFacts) September 6, 2025
Trump at 6pm: I dont think we lost India to anyone, Modi is a friend.
pic.twitter.com/VxwiNfY6h3
चीन-भारत के बढ़ते रिश्ते से डरा है अमेरिका?
31 अगस्त से 1 सितम्बर को चीन में शंघाई सहयोग संगठन SCO शिखर सम्मेलन रखा गया था जिसमे प्रधानमंत्री मोदी के साथ- साथ रूस के राष्ट्रपति पुतिन भी शामिल हुए थे. इस सम्मलेन से चीन, रूस और भारत की नजदीकियों की कई तस्वीरें भी समाने आई थी. प्रधानमंत्री मोदी 7 सालों के बाद चीन पहुंचे थे. ऐसे में कयास लगाए गए की एक बार फिर भारत और चीन एक साथ होंगे. चीन ने SCO शिखर सम्मेलन के घोषणा पत्र में भारत के पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले की निंदा भी की थी. जिससे दोनों देशों के बीच के रिश्तों में सुधार आया.

इस सम्मिट के बाद अमेरिका ने भारत के साथ #USIndiaForward अभियान भी चलाया. U.S. Embassy India ने X पर एक पोस्ट कर भारत और अमेरिका की मजबूत दोस्ती याद दिलाई थी. जिससे ये साफ हो गया की अमेरिका भारत की चीन और रूस से बढ़ती दोस्ती से डरा हुआ है. और कल जब ट्रम्प ने भारत की दोस्ती को लेकर बयान दिया तो ये बात साबित हो ही गई की अमेरिका भारत को खोना नहीं चाहता हैं. अमेरिका के को ये डर है की अगर भारत, चीन और रूस एक साथ हो गए तो अमेरिका का प्रभाव काम हो जाएगा.
The partnership between the United States and India continues to reach new heights — a defining relationship of the 21st century. This month, we’re spotlighting the people, progress, and possibilities driving us forward. From innovation and entrepreneurship to defense and… pic.twitter.com/tjd1tgxNXi
— U.S. Embassy India (@USAndIndia) September 1, 2025


