PM मोदी और ट्रंप की 16 महीने बाद मुलाकात, भारतीय नाविकों की सुरक्षा से लेकर रूस-यूक्रेन युद्ध तक हुई चर्चा
जी7 शिखर सम्मेलन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की 16 महीने बाद मुलाकात हुई. दोनों नेताओं ने भारतीय नाविकों की सुरक्षा, भारत-अमेरिका संबंध, रूस-यूक्रेन युद्ध और वैश्विक मुद्दों पर चर्चा की.
पेरिस। फ्रांस में आयोजित G7 शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की अहम द्विपक्षीय बैठक हुई. करीब 16 महीने बाद हुई इस मुलाकात में दोनों नेताओं ने भारत-अमेरिका संबंधों, पश्चिम एशिया के हालात, भारतीय नाविकों की सुरक्षा, रूस-यूक्रेन युद्ध और वैश्विक व्यापार समेत कई अहम मुद्दों पर चर्चा की.
यह बैठक ऐसे समय में हुई है जब दोनों देशों के संबंधों को लेकर कई तरह की चर्चाएं चल रही हैं. हालांकि मुलाकात के दौरान दोनों नेताओं ने एक-दूसरे की जमकर सराहना की और सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया.
भारतीय नाविकों की सुरक्षा का मुद्दा उठाया
बैठक के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अमेरिकी हमलों में जान गंवाने वाले भारतीय नाविकों का मुद्दा उठाया. उन्होंने कहा कि दुनिया के विभिन्न समुद्री मार्गों पर लाखों भारतीय नाविक काम करते हैं और उनकी सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए.
पीएम मोदी ने कहा कि समुद्री व्यापार और वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए होर्मुज जलडमरूमध्य का खुला रहना बेहद जरूरी है. उन्होंने उम्मीद जताई कि ईरान के साथ होने वाले किसी भी समझौते में नाविकों की सुरक्षा को विशेष महत्व दिया जाएगा.
ट्रंप बोले- भारत का दोस्त है व्हाइट हाउस
PM मोदी की चिंता पर प्रतिक्रिया देते हुए अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि भारतीय नाविकों की सुरक्षा महत्वपूर्ण है और अमेरिका इस मुद्दे पर भारत के साथ मिलकर काम करेगा. ट्रंप ने कहा कि जब तक वह राष्ट्रपति हैं, तब तक भारत का व्हाइट हाउस में एक सच्चा दोस्त मौजूद रहेगा. उन्होंने कहा कि अमेरिका में भारत और प्रधानमंत्री मोदी का काफी सम्मान किया जाता है.
भारत-अमेरिका रक्षा संबंधों पर भी चर्चा
डोनाल्ड ट्रंप ने भारत-अमेरिका रक्षा सहयोग को मजबूत बताते हुए कहा कि दोनों देशों के बीच भरोसेमंद संबंध हैं. उन्होंने कहा कि यदि भारत पर किसी प्रकार का हमला होता है तो अमेरिका भारत के साथ खड़ा रहेगा. ट्रंप ने कहा कि भारत अमेरिका का महत्वपूर्ण साझेदार है और दोनों देशों के बीच रक्षा और रणनीतिक सहयोग लगातार मजबूत हो रहा है.
PM Modi is the most beautiful looking man, but actually he is tough, says Trump pic.twitter.com/S8a9oINjpN
— Sidhant Sibal (@sidhant) June 17, 2026
क्वाड पर सवाल, लेकिन ट्रंप ने साधी चुप्पी
बैठक के दौरान जब ट्रंप से क्वाड (Quad) को लेकर सवाल पूछा गया तो उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया. हालांकि उन्होंने भारत की वैश्विक भूमिका की जमकर तारीफ की. ट्रंप ने कहा कि भारत दुनिया के बड़े देशों में शामिल है और प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भविष्य में भी वैश्विक मामलों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता रहेगा.
भारत दौरे को याद कर भावुक हुए ट्रंप
डोनाल्ड ट्रंप ने अपने भारत दौरे को याद करते हुए कहा कि उनका भारत का अनुभव शानदार रहा था. उन्होंने अहमदाबाद में हुए कार्यक्रम और विशाल जनसमूह का जिक्र करते हुए कहा कि वह यात्रा उनके राजनीतिक जीवन की यादगार यात्राओं में से एक थी. ट्रंप ने कहा कि भारत के लोगों का प्यार और स्वागत आज भी उन्हें याद है.
रूस-यूक्रेन युद्ध पर भी हुई चर्चा
बैठक के दौरान रूस-यूक्रेन युद्ध का मुद्दा भी उठा. ट्रंप ने कहा कि वह चाहते हैं कि यह युद्ध जल्द खत्म हो. उन्होंने बताया कि उनकी रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की से बातचीत हुई है और अमेरिका लगातार शांति बहाली के प्रयासों में जुटा है.
रूसी तेल और प्रतिबंधों पर क्या बोले ट्रंप?
रूस पर नए प्रतिबंधों के सवाल पर ट्रंप ने कहा कि अमेरिका इस विषय पर विचार कर रहा है. उन्होंने कहा कि वैश्विक बाजार में तेल की कीमतों पर लगातार नजर रखी जा रही है. ट्रंप ने यह भी कहा कि अमेरिका ऐसा समाधान चाहता है जिससे क्षेत्र में स्थिरता बनी रहे और परमाणु हथियारों से जुड़ी चिंताओं का भी समाधान हो सके.
पीएम मोदी को बताया सख्त लेकिन प्रभावशाली नेता
मुलाकात के दौरान ट्रंप ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की जमकर तारीफ की. उन्होंने कहा कि मोदी बेहद सख्त और मजबूत नेता हैं, जो अपने देश के हितों की मजबूती से रक्षा करते हैं. ट्रंप ने कहा कि लोग उन्हें शांत और सरल मानते हैं, लेकिन बातचीत की मेज पर वह बेहद मजबूत और प्रभावशाली नेता साबित होते हैं.
16 महीने बाद हुई दोनों नेताओं की मुलाकात
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और डोनाल्ड ट्रंप की यह मुलाकात करीब 16 महीने बाद हुई है। इससे पहले दोनों नेता वॉशिंगटन में मिले थे. जी7 सम्मेलन के दौरान हुई यह बैठक इसलिए भी अहम मानी जा रही है क्योंकि पिछले कुछ समय से भारत-अमेरिका संबंधों को लेकर कई तरह की चर्चाएं चल रही थीं. ऐसे में दोनों नेताओं की यह मुलाकात द्विपक्षीय संबंधों के लिहाज से काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है.
shivendra 
