लखनऊ कोचिंग अग्निकांड: 15 मौतों के बाद SIT जांच में जुटी, अवैध बिल्डिंग पर होगी कार्रवाई

अलीगंज हादसे ने खोली सुरक्षा व्यवस्था की पोल: कोचिंग सेंटर में लगी आग से 15 की मौत, LDA अधिकारियों पर गिरी गाज

लखनऊ कोचिंग अग्निकांड: 15 मौतों के बाद SIT जांच में जुटी, अवैध बिल्डिंग पर होगी कार्रवाई

लखनऊ के अलीगंज इलाके में स्थित कोचिंग सेंटर में लगी भीषण आग ने 15 लोगों की जान ले ली। इस हादसे के बाद पूरे प्रदेश में शोक का माहौल है। 23 जून मंगलवार सुबह विशेष जांच दल (SIT) और फोरेंसिक टीम घटनास्थल पर पहुंची और सबूत जुटाने का काम शुरू किया। अधिकारियों के अनुसार, घटना की हर पहलू से जांच की जाएगी और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।

 22 जून सोमवार दोपहर करीब 2:30 बजे इमारत में अचानक आग लग गई थी। शुरुआती जांच में एसी में ब्लास्ट को आग लगने का कारण माना जा रहा है। देखते ही देखते आग और धुआं पूरी बिल्डिंग में फैल गया, जिससे अंदर मौजूद छात्र और कर्मचारी फंस गए। दम घुटने से अधिकांश लोगों की मौत हो गई।

7 घंटे चला रेस्क्यू ऑपरेशन...

घटना की सूचना मिलने के बाद फायर ब्रिगेड, SDRF और NDRF की टीमें मौके पर पहुंचीं। करीब 7 घंटे तक चले रेस्क्यू ऑपरेशन में दीवारें तोड़कर लोगों को बाहर निकाला गया। सभी 15 शवों का पोस्टमॉर्टम कराया गया और बाद में परिजनों को सौंप दिया गया। मृतकों में उत्तर प्रदेश के 11, पश्चिम बंगाल के 2 तथा मध्य प्रदेश और हरियाणा के एक-एक व्यक्ति शामिल हैं। पोस्टमॉर्टम हाउस में उस समय भावुक दृश्य देखने को मिला जब पश्चिम बंगाल की 23 वर्षीय छात्रा अनामिका का शव देखकर उसकी मां बेहोश हो गईं।

जांच में सामने आईं लापरवाहियां...

प्रारंभिक जांच में पता चला है कि जिस इमारत में आग लगी, वहां फायर सेफ्टी के पर्याप्त इंतजाम नहीं थे। इमरजेंसी एग्जिट का अलग रास्ता नहीं था और छत का दरवाजा भी बंद मिला। ऐसे में आग लगने के बाद लोग सुरक्षित बाहर नहीं निकल सके। जांच में यह भी सामने आया है कि संबंधित बिल्डिंग को लेकर पहले अवैध निर्माण की शिकायतें दर्ज हुई थीं। साल 2016 में भवन को गिराने का आदेश भी जारी हुआ था, जिसे बाद में निरस्त कर दिया गया था।

मालिक समेत 4 आरोपी गिरफ्तार...

पुलिस ने बिल्डिंग मालिक वीरेंद्र शुक्ला समेत 4 लोगों को गिरफ्तार कर गैर-इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज किया है। वहीं, लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) ने चार अधिकारियों को निलंबित कर दिया है। भवन को अनुमति देने वाले अन्य अधिकारियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।

LDA ने बिल्डिंग मालिक को नोटिस जारी कर 15 दिनों के भीतर जवाब मांगा है। जवाब संतोषजनक न मिलने पर इमारत को ध्वस्त करने की कार्रवाई की जाएगी। SIT की रिपोर्ट आने के बाद इस दर्दनाक हादसे के लिए जिम्मेदार लोगों पर और बड़ी कार्रवाई होने की संभावना है।