बानाची एस्टेट भूमि को लेकर बड़ा विवाद: पूर्व कांग्रेस महासचिव ने उठाए सवाल, कैबिनेट फैसले पर पुनर्विचार की मांग

MP कांग्रेस के पूर्व महासचिव राकेश सिंह यादव ने PM-CM और वायनाड सांसद प्रियंका गांधी को पत्र लिखकर बानाची एस्टेट की भूमि को लेकर कैबिनेट के प्रस्तावित निर्णय पर पुनर्विचार की मांग की।

बानाची एस्टेट भूमि को लेकर बड़ा विवाद: पूर्व कांग्रेस महासचिव ने उठाए सवाल, कैबिनेट फैसले पर पुनर्विचार की मांग

इंदौर। मध्यप्रदेश कांग्रेस के पूर्व महासचिव राकेश सिंह यादव ने मुख्यमंत्री, प्रधानमंत्री और वायनाड से सांसद प्रियंका गांधी को पत्र लिखकर केरल के वायनाड जिले में स्थित बानाची एस्टेट भूमि से जुड़े प्रस्तावित कैबिनेट निर्णय पर पुनर्विचार की मांग की है। उन्होंने इस भूमि के प्रबंधन और संभावित उपयोग को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं।

राकेश सिंह यादव का कहना है कि यह लगभग 577 एकड़ में फैली भूमि मध्यप्रदेश सरकार की एक महत्वपूर्ण संपत्ति है, लेकिन इसका वर्तमान उपयोग बेहद सीमित है। उनके अनुसार, इससे राज्य को सालाना केवल लगभग 40 लाख से 1.2 करोड़ रुपये तक की ही आय प्राप्त हो रही है, जो इसकी वास्तविक क्षमता की तुलना में काफी कम है।

उन्होंने आरोप लगाया कि यदि इस भूमि को केवल गाइडलाइन दर पर बेचा जाता है तो राज्य को लगभग 700 करोड़ रुपये मिल सकते हैं, जबकि यदि इसे खुली वैश्विक निविदा प्रक्रिया के माध्यम से बेचा जाए तो यह राशि बढ़कर 2400 करोड़ रुपये या उससे अधिक हो सकती है।

इसके अलावा उन्होंने सुझाव दिया कि यदि भूमि का चरणबद्ध विकास कर विक्रय किया जाए, तो इससे राज्य को 6000 करोड़ रुपये से अधिक का राजस्व प्राप्त हो सकता है। यादव ने सरकार से पीपीपी मॉडल अपनाने की भी अपील की है, जिससे न केवल स्थायी आय का स्रोत विकसित होगा बल्कि बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर भी पैदा हो सकते हैं। उन्होंने कहा कि इस संपत्ति का बेहतर प्रबंधन प्रदेश के दीर्घकालीन आर्थिक हित में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।