Patna Encounter में 3 शूटर ढेर : 20 मिनट चली मुठभेड़, अस्पताल में परिजनों का हंगामा

Patna Encounter : पटना के मनेर में पुलिस और अपराधियों के बीच 20 मिनट तक मुठभेड़ हुई। तीन आरोपी मारे गए। अस्पताल में परिजनों ने एनकाउंटर को गलत बताते हुए हंगामा किया।

Patna Encounter में 3 शूटर ढेर :  20 मिनट चली मुठभेड़, अस्पताल में परिजनों का हंगामा

Patna Encounter : पटना। बिहार की राजधानी पटना में शुक्रवार सुबह पुलिस और अपराधियों के बीच मुठभेड़ हुई। इसमें तीन आरोपी राजेश शर्मा, बबलू कुमार और जेपी यादव मारे गए। पुलिस के मुताबिक, तीनों पेशेवर शूटर थे और सुपारी लेकर हत्या करते थे। मुठभेड़ सुबह करीब 4:30 बजे मनेर थाना क्षेत्र के शेरपुर गंगा घाट के पास हुई। घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल है।

पुलिस ने 18 राउंड चलाईं गोलियां

पटना SSP कार्तिकेय के. शर्मा ने बताया, "पुलिस इलाके में अपराध रोकने के लिए गश्त कर रही थी, जिसमें स्पेशल टास्क फोर्स (STF) और जिला पुलिस दोनों शामिल थे। इस दौरान जानकारी मिली कि आपराधिक रिकॉर्ड वाले कुछ लोग इलाके में आए हैं और शेरपुर में किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की योजना बना रहे हैं। जब पुलिस टीम मौके पर पहुंची, तो अपराधियों ने ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। मनेर के SHO और उनकी टीम ने अपनी गाड़ी से बाहर निकलकर जवाबी फायरिंग की। इस दौरान एक गोली मनेर के SHO की वर्दी को छूती हुई निकल गई। अपराधियों ने अन्य पुलिसकर्मियों पर भी गोलियां चलाईं। उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी मौत की पुष्टि हुई"

उन्होंने आगे कहा, "इन तीनों लोगों के पास से हथियार बरामद हुए हैं, और इन सभी का पहले से आपराधिक रिकॉर्ड रहा है। ये लोग हाल ही में अष्टमी के दिन मनेर में हुई एक हत्या के मामले में भी शामिल थे और उस केस में वांछित थे। पुलिस की ओर से 18 राउंड फायरिंग की गई, जबकि अपराधियों ने 24 से ज्यादा राउंड गोलियां चलाईं। तीन लोगों को मृत घोषित कर दिया गया है।"

अस्पताल में परिजनों ने किया हंगामा

तीनों के शव दानापुर अनुमंडलीय अस्पताल पहुंचने के बाद परिजनों ने हंगामा शुरू कर दिया। परिवार वालों का आरोप है कि जिस पैक्स अध्यक्ष की हत्या के मामले में पुलिस ने कार्रवाई की, उसमें तीनों के नाम शामिल नहीं थे। परिजनों ने एनकाउंटर को गलत बताते हुए पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। अस्पताल में पुलिस और परिजनों के बीच कई बार धक्का-मुक्की और हाथापाई हुई।

पुलिस के खबरी समझकर युवक की पिटाई

हंगामे के दौरान स्थानीय लोगों ने एक युवक को पुलिस का मुखबिर समझकर पीट दिया। इस हमले में उसका सिर फट गया। भीड़ से युवक को बचाने के लिए पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी। पुलिस उसे एक इमारत के अंदर ले गई। इस दौरान ASP अजीत कुमार को भी चोट लगी। अस्पताल में तनाव को देखते हुए दो स्तरों पर सुरक्षा व्यवस्था की गई है। मौके पर 100 से ज्यादा पुलिसकर्मी तैनात हैं।

सम्राट सरकार में अब तक कई एनकाउंटर

बिहार में सम्राट सरकार के कार्यकाल में पुलिस मुठभेड़ों की कई घटनाएं सामने आई हैं। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, 6 नवंबर को पटना में तीन आरोपी मारे गए। 17 जून को आरा में भरत तिवारी की इलाज के दौरान मौत हुई थी। 12 जून को पटना में पुलिसकर्मियों पर गोली चलाने के आरोपी मोहम्मद हैदर की मौत हुई। 3 मई को सीवान में सोनू यादव और 29 अप्रैल को भागलपुर में रामधनी सिंह यादव मुठभेड़ में मारे गए थे। सरकार के कार्यकाल में अब तक 25 हाफ एनकाउंटर होने का भी दावा किया गया है।