17 साल बाद बांग्लादेश लौटे खालिदा जिया के बेटे तारिक रहमान: ढाका एयरपोर्ट पर जुटी लाखों कार्यकर्ताओं की भीड़
बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया के बेटे तारिक रहमान 17 साल बाद देश लौट आए हैं। BNP की अध्यक्ष खालिदा जिया की उम्र 80 साल हो चुकी है और बहुत बीमार चल रही हैं। ऐसे में माना जा रहा है कि रहमान अगले PM के दावेदार हो सकते हैं।
बांग्लादेश की राजनीति में एक बड़ा फिर उथल-पुथल मची हुई है। पूर्व प्रधानमंत्री और बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) की अध्यक्ष खालिदा जिया के बेटे और पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष तारिक रहमान 17 साल के बाद अपने देश लौट आए हैं। उनकी वापसी को अगले साल होने वाले आम चुनावों से पहले BNP की सबसे बड़ी राजनीतिक ताकत के रूप में देखा जा रहा है। ढाका पहुंचते ही उनके स्वागत में उमड़ी भारी भीड़ ने यह संकेत दे दिया कि वे न सिर्फ पार्टी के भीतर, बल्कि देश की राजनीति में भी केंद्र में आ चुके हैं।
स्वागत के लिए BNP के 1 लाख कार्यकर्ता जुटे
ढाका के हजरत शाहजलाल अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर तारिक रहमान के स्वागत के लिए BNP के करीब एक लाख कार्यकर्ता और समर्थक जुटे। एयरपोर्ट से बाहर निकलते ही तारिक रहमान ने अपने जूते उतारकर बांग्लादेश की जमीन को नंगे पांव छुआ और मिट्टी उठाकर देश को नमन किया। इस प्रतीकात्मक कदम को समर्थकों ने भावनात्मक क्षण के रूप में देखा।
स्वागत समारोह के बाद तारिक रहमान अपनी मां खालिदा जिया से मिलने एवरकेयर अस्पताल जाएंगे, जहां उनका इलाज चल रहा है। इसके बाद वे गुलशन एवेन्यू स्थित उस बंगले में रहेंगे, जो उनके पिता और बांग्लादेश के पूर्व राष्ट्रपति जियाउर रहमान का निवास रहा है।

कड़ी सुरक्षा के बीच बुलेटप्रूफ बस में आए रहमान
इसके बाद वे कड़ी सुरक्षा के बीच एक विशेष रूप से तैयार लाल-हरे रंग की बुलेटप्रूफ बस में सवार होकर 300 फीट रोड स्थित स्वागत समारोह स्थल के लिए रवाना हुए। 300 फीट रोड, जिसे जुलाई 36 एक्सप्रेसवे के नाम से भी जाना जाता है, वहां लाखों की भीड़ जमा हो गई। समर्थक देश के अलग-अलग हिस्सों से रातभर सफर कर यहां पहुंचे थे। कई लोगों ने खुले में रात बिताई, ताकि अपने नेता की एक झलक देख सकें। बस के चारों ओर सेना और पुलिस के वाहन तैनात थे और पूरे काफिले पर कड़ी निगरानी रखी गई थी।
तारिक रहमान ने फोन पर की मोहम्मद यूनुस से बात
ढाका पहुंचने के तुरंत बाद तारिक रहमान ने अंतरिम सरकार के मुख्य सलाहकार मोहम्मद यूनुस से फोन पर बात की। उन्होंने अपनी सुरक्षित वापसी के लिए किए गए इंतजामों, खासतौर पर सुरक्षा व्यवस्था के लिए सरकार का आभार जताया। यह बातचीत इस बात का संकेत मानी जा रही है कि बदलते राजनीतिक हालात में तारिक रहमान खुद को एक जिम्मेदार और स्वीकार्य राष्ट्रीय नेता के रूप में स्थापित करना चाहते हैं।

तारिक रहमान BNP से प्रधानमंत्री पद के सबसे मजबूत दावेदार
बांग्लादेश में अगले साल 12 फरवरी को आम चुनाव प्रस्तावित हैं। शेख हसीना की अवामी लीग पर प्रतिबंध लगने के बाद राजनीतिक मैदान लगभग खाली हो गया है और BNP को चुनाव जीतने की सबसे बड़ी दावेदार पार्टी माना जा रहा है। पार्टी अध्यक्ष खालिदा जिया की उम्र 80 साल से अधिक है और वे लंबे समय से गंभीर रूप से बीमार हैं। ऐसे में राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि तारिक रहमान ही BNP की ओर से प्रधानमंत्री पद के सबसे मजबूत दावेदार हो सकते हैं। BNP ने घोषणा की है कि वे आगामी चुनाव में बोगुरा-6 सीट से चुनाव लड़ेंगे, जो पहले खालिदा जिया की पारंपरिक सीट रही है।
विवादों से भरा रहा तारिक रहमान का राजनीतिक सफर
20 नवंबर 1965 को जन्मे तारिक रहमान का राजनीतिक सफर विवादों से भरा रहा है। 2004 में अवामी लीग की रैली पर ग्रेनेड हमले के मामले में उन्हें उम्रकैद की सजा सुनाई गई थी। इसके अलावा भ्रष्टाचार और मनी लॉन्ड्रिंग के कई मामलों में भी वे दोषी ठहराए गए। 2008 में गिरफ्तारी से बचने के लिए वे लंदन चले गए थे और वहीं निर्वासन में रह रहे थे। हालांकि, 2024 में शेख हसीना सरकार के पतन के बाद उन्हें कई मामलों में राहत मिली, जिससे उनकी वापसी का रास्ता साफ हुआ।
Varsha Shrivastava 
