'कॉकरोच जनता पार्टी' का X अकाउंट अभी रहेगा बंद, दिल्ली हाईकोर्ट का बैन हटाने से इनकार; केंद्र और X से मांगा जवाब
Delhi High Court ने कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के X अकाउंट पर लगे बैन को फिलहाल हटाने से इनकार कर दिया है। अदालत ने केंद्र सरकार और X को नोटिस जारी कर चार सप्ताह में जवाब मांगा है।
नई दिल्ली | सोशल मीडिया पर तूफान खड़ा करने वाली 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) को दिल्ली हाईकोर्ट से फिलहाल कोई राहत नहीं मिली है। अदालत ने CJP का एक्स (ट्विटर) अकाउंट तुरंत बहाल करने (अन्तरिम आदेश देने) से साफ इनकार कर दिया है। जस्टिस पुरुषेन्द्र कुमार कौरव की बेंच ने इस मामले की गंभीरता को देखते हुए केंद्र सरकार और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X को नोटिस जारी कर 4 हफ्ते में जवाब तलब किया है। मामले की अगली सुनवाई 6 जुलाई को होगी।
सरकार का पक्ष सुनना जरूरी, मामले के परिणाम दूरगामी..
हाईकोर्ट सुनवाई के दौरान कोर्ट ने साफ किया कि राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े इस संवेदनशील मामले में सरकार का पक्ष सुने बिना कोई भी एकतरफा आदेश नहीं दिया जा सकता, क्योंकि इसके दूरगामी परिणाम हो सकते हैं।
हालाँकि, हाईकोर्ट ने राहत देते हुए रिव्यू कमेटी को ब्लॉकिंग ऑर्डर की समीक्षा करने का निर्देश दिया है। कोर्ट ने कहा कि नियमों के मुताबिक हर दो महीने में होने वाली रिव्यू कमेटी की बैठक में इस ब्लॉकिंग के सभी पहलुओं की जांच की जाए। CJP के संस्थापक अभिजीत दिपके (जो इस समय अमेरिका के बोस्टन में हैं) वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए इस कमेटी के सामने अपना पक्ष रख सकते हैं।
याचिकाकर्ता और कोर्ट, दोनों ने अभी तक आधिकारिक ब्लॉकिंग ऑर्डर नहीं देखा है। ऐसे में बिना वजह जाने बैन हटाना सही नहीं होगा। जरूरत पड़ने पर पूरा रिकॉर्ड कोर्ट के सामने पेश किया जाएगा- तुषार मेहता (सॉलिसिटर जनरल)
इंस्टाग्राम पर 'किंग' है CJP; बीजेपी-कांग्रेस से भी आगे निकले फॉलोअर्स..
भले ही X पर इस संगठन का अकाउंट ब्लॉक हो गया हो, लेकिन इंस्टाग्राम पर इसकी लोकप्रियता का ग्राफ आसमान छू रहा है। 29 मई की दोपहर तक के आंकड़ों के मुताबिक:
राजनीतिक दल / सोशल मीडिया पेज इंस्टाग्राम फॉलोअर्स की संख्या
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) 2.25 करोड़ (22.5 मिलियन)
भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (INC) 1.36 करोड़ (13.6 मिलियन)
भारतीय जनता पार्टी (BJP) 94 लाख (9.4 मिलियन)
CJP के इंस्टाग्राम फॉलोअर्स देश की सत्ताधारी पार्टी बीजेपी से दोगुने से भी ज्यादा और मुख्य विपक्षी पार्टी कांग्रेस से करीब 89 लाख अधिक हैं।
कैसे शुरू हुआ विवाद और क्यों लगा बैन..
CJI की टिप्पणी के बाद शुरुआत: भारत के चीफ जस्टिस सूर्यकांत की एक हालिया 'कॉकरोच टिप्पणी' के बाद अभिजीत दिपके ने 16 मई को इस सोशल मीडिया पेज/प्लेटफॉर्म की शुरुआत की थी। संस्थापक का दावा है कि यह महज एक राजनीतिक और सामाजिक व्यंग्य (सटायर) है।
राष्ट्रीय सुरक्षा और IB इनपुट: इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) से मिले इनपुट के आधार पर केंद्र सरकार ने राष्ट्रीय सुरक्षा का हवाला देते हुए इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) को निर्देश दिया। इसके बाद IT एक्ट की धारा 69A के तहत 21 मई को इसका X अकाउंट ब्लॉक कर दिया गया। तब इसके 1.93 लाख फॉलोअर्स थे। 'कॉकरोच इज बैक': पुराना अकाउंट बंद होने के बाद संगठन ने तुरंत 'कॉकरोच इज बैक' नाम से नया हैंडल बना लिया, जिसके बायो में लिखा है- "कॉकरोच मरते नहीं।"
सुप्रीम कोर्ट ने कहा था- 'मामले को इतनी भावुकता से मत लें'..
इससे पहले 24 मई को सुप्रीम कोर्ट में CJP के खिलाफ सीबीआई (CBI) जांच की मांग वाली एक याचिका आई थी, जिसमें आरोप लगाया गया था कि यह संगठन न्यायपालिका की छवि खराब कर रहा है। उस वक्त सीजेआई की बेंच ने याचिकाकर्ता के वकील से कहा था कि "इस मामले को इतनी भावुकता से मत लें" और तुरंत सुनवाई से इनकार कर दिया था। अब सबकी नजरें 6 जुलाई को होने वाली हाईकोर्ट की अगली सुनवाई पर टिकी हैं।

