भोपाल में 591 प्रतिभाओं का सम्मान, CM बोले- बुद्धिमत्ता के बल पर युवा विश्व में बना सकते हैं पहचान

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भोपाल के रवीन्द्र भवन में दक्षिण-पश्चिम भोपाल की 591 प्रतिभाओं का किया सम्मान

भोपाल में 591 प्रतिभाओं का सम्मान, CM बोले- बुद्धिमत्ता के बल पर युवा विश्व में बना सकते हैं पहचान

भोपाल। राजधानी के रवीन्द्र भवन में रविवार को दक्षिण-पश्चिम विधानसभा क्षेत्र की 591 प्रतिभाओं का सम्मान समारोह आयोजित किया गया। नवप्रयाग सांस्कृतिक एवं सामाजिक विकास समिति, भोपाल की ओर से आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शिक्षा, खेल, साहित्य, कला और अन्य क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली प्रतिभाओं को सम्मानित किया।

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि युवा अपनी योग्यता, मेहनत और बुद्धिमत्ता के बल पर प्रदेश और देश ही नहीं, बल्कि पूरी दुनिया में अपनी पहचान बना सकते हैं। उन्होंने कहा कि प्रतिभाओं का सम्मान उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रेरणा देता है और राष्ट्र निर्माण में उनकी भूमिका को मजबूत करता है।

मेधावी विद्यार्थियों और प्रतिभाओं का हुआ सम्मान

समारोह में कक्षा 12वीं की मेधावी छात्रा चांदनी विश्वकर्मा को सम्मानित किया गया, जिन्होंने 98.8 प्रतिशत अंक हासिल कर प्रावीण्य सूची में प्रथम स्थान प्राप्त किया। वहीं कक्षा 10वीं में 98.8 प्रतिशत अंक प्राप्त करने वाली मुस्कान कुशवाह और अदिति मट्टा को भी सम्मान मिला।

खेल क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी आस्था पांडे (सेलिंग/नौकायन) सहित अन्य खिलाड़ियों को सम्मानित किया गया। इसके अलावा साहित्य, पत्रकारिता, रंगमंच और कला क्षेत्र में योगदान देने वाली प्रतिभाओं को भी मंच पर सम्मान मिला।

सम्मानित होने वालों में साहित्यकार डॉ. वीणा सिन्हा, डॉ. प्रीति खरे, लेखक और पत्रकार ब्रजेश राजपूत तथा रंगमंच से जुड़े संजय मेहता प्रमुख रहे। खेल क्षेत्र में आस्था मीणा सहित सृष्टि गुप्ता, श्रेया मिश्रा और शिवान सिंह सिसौदिया को भी सम्मानित किया गया।

युवाओं के लिए प्रधानमंत्री मोदी का उदाहरण बताया

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि सामान्य परिवार से निकलकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जिस तरह पूरी दुनिया में भारत का सम्मान बढ़ाया है, वह विद्यार्थियों के लिए प्रेरणा का उदाहरण है। उन्होंने कहा कि इच्छाशक्ति, परिश्रम और सही दिशा के साथ युवा किसी भी लक्ष्य को हासिल कर सकते हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कोरोना काल में भारत ने वैक्सीन के माध्यम से न केवल अपने नागरिकों बल्कि अन्य देशों के लोगों के जीवन की रक्षा करने का काम किया। उन्होंने डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर व्यवस्था का उल्लेख करते हुए कहा कि इससे करोड़ों लोगों को सीधे लाभ पहुंचा है।

प्रतिभाओं के परिश्रम का परिणाम है सम्मान

मुख्यमंत्री ने सम्मानित विद्यार्थियों और प्रतिभाओं को बधाई देते हुए कहा कि अलग-अलग क्षेत्रों में उपलब्धियां हासिल करने वाले लोग अपने परिश्रम, संस्कार और समय के सदुपयोग से समाज और राष्ट्र के विकास में योगदान देते हैं। उन्होंने कहा कि प्रतिभा सम्मान समारोह जैसे आयोजन युवाओं का उत्साह बढ़ाते हैं और उन्हें बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित करते हैं। उन्होंने नवप्रयाग समिति के इस प्रयास की सराहना की।

तीन वर्षों में बढ़ी सम्मानित प्रतिभाओं की संख्या

विधायक भगवानदास सबनानी ने बताया कि लगातार तीसरे वर्ष यह प्रतिभा सम्मान समारोह आयोजित किया जा रहा है। पहले वर्ष 350, दूसरे वर्ष 480 और इस वर्ष 591 प्रतिभाओं को सम्मानित किया गया है।

उन्होंने बताया कि दक्षिण-पश्चिम विधानसभा क्षेत्र के ऐसे विद्यार्थियों को सम्मान दिया गया, जिन्होंने 10वीं और 12वीं में 85 प्रतिशत से अधिक अंक तथा स्नातक और स्नातकोत्तर में 75 प्रतिशत से अधिक अंक हासिल किए हैं। इसके अलावा शिक्षा, खेल, कला और साहित्य के क्षेत्र में विशेष उपलब्धियां हासिल करने वालों को भी सम्मानित किया गया।

कार्यक्रम में भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान के निदेशक डॉ. आशुतोष कुमार सिंह, डॉ. मिनी मेहरा, कार्यक्रम संयोजक आरती अनेजा सहित अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन शैलेंद्र निगम ने किया।