केन-बेतवा परियोजना पर बवाल: किसानों के हक को लेकर सपा का हमला,25 लाख मुआवजे की मांग

भोपाल में समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. मनोज यादव ने केन-बेतवा परियोजना को लेकर सरकार पर आरोप लगाए कि प्रभावित किसानों को कम मुआवजा, गलत सर्वे और अनदेखी का सामना करना पड़ रहा है।

केन-बेतवा परियोजना पर बवाल: किसानों के हक को लेकर सपा का हमला,25 लाख मुआवजे की मांग

भोपाल:  समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. मनोज यादव ने केन-बेतवा लिंक परियोजना से प्रभावित किसानों के मुद्दे पर प्रदेश सरकार और प्रशासन पर तीखा हमला बोला। प्रेस वार्ता में उन्होंने आरोप लगाया कि हजारों किसान अपने हक के लिए भटक रहे हैं, लेकिन सरकार उनकी सुनवाई नहीं कर रही।

“25 हजार में बाथरूम भी नहीं बनता

डॉ. यादव ने कहा कि प्रभावित परिवारों को मात्र 25,000 रुपये की सहायता राशि दी जा रही है, जो बेहद कम है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि इतनी राशि में एक बाथरूम तक नहीं बन सकता, जबकि लोग अपने घर-बार खो रहे हैं।

मुआवजे में बड़ा अंतर, 25 लाख की मांग

उन्होंने बताया कि वर्तमान में करीब 12 लाख रुपये तक मुआवजा दिया जा रहा है, जबकि सपा की मांग है कि हर प्रभावित परिवार को कम से कम 25 लाख रुपये मिलना चाहिए। साथ ही आरोप लगाया कि सरकार पुराने सर्किल रेट पर केवल औपचारिकता निभा रही है।

सर्वे में गड़बड़ी, कई नाम सूची से गायब

सपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि कई पात्र लोगों के नाम सर्वे सूची में शामिल ही नहीं किए गए हैं। जिनके नाम छूट गए हैं, उन्हें जोड़ने की मांग भी प्रशासन नजरअंदाज कर रहा है। इसके अलावा आयु संबंधी दस्तावेजों को अमान्य कर लोगों को मुआवजे से वंचित किया जा रहा है।

5000 किसान धरने पर, प्रशासन बेखबर

डॉ. मनोज यादव ने बताया कि छतरपुर जिले के बिजावर क्षेत्र के डोंडन गांव में करीब 5,000 किसान, जिनमें 3,000 महिलाएं शामिल हैं, पिछले 6 दिनों से भीषण गर्मी में धरना दे रहे हैं। बावजूद इसके न प्रशासन और न ही सरकार का कोई प्रतिनिधि उनसे मिलने पहुंचा है।

सरकार पर असंवेदनशीलता का आरोप

उन्होंने सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि कृषि क्षेत्र में विकास के दावे केवल कागजों तक सीमित हैं, जबकि जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग है।डॉ. यादव ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही किसानों की समस्याओं का समाधान नहीं हुआ, तो समाजवादी पार्टी आंदोलन को और तेज करेगी।

समाजवादी पार्टी की सरकार से मांग

1. प्रभावित मकानों का पुनः सर्वे कराकर उचित मुआवजा दिया जाए।
2. जन्मतिथि त्रुटि वाले मामलों में आधार कार्ड एवं पंचायत पंचनामा मान्य किया जाए।
3. किसानों पर दर्ज 50 नामजद एवं 200 अज्ञात प्रकरण वापस लिए जाएं तथा लाठीचार्ज की जांच हो।
4. मुआवजा सूची से छूटे नाम तत्काल जोड़े जाएं।
5. प्रभावित परिवारों के एक सदस्य को रोजगार उपलब्ध कराया जाए।
6. आवास हेतु पूर्व में चिन्हित भूमि का तत्काल आवंटन किया जाए