नरेला विधानसभा क्षेत्र में फर्जी नामों का दिग्विजय सिंह ने किया खुलासा
पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने नरेला क्षेत्र में मतदाता पुनरीक्षण के दौरान बड़ी गड़बड़ियाँ पकड़ते हुए फर्जी नामों और अनियमितताओं पर उच्च स्तरीय जांच की मांग की है।
भोपाल: केंद्रीय चुनाव आयोग के निर्देश पर चल रहे मतदाता पुनरीक्षण सर्वे में गंभीर गड़बड़ियों की जांच के लिए पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह नरेला विधानसभा क्षेत्र के कई पोलिंग स्टेशनों पर पहुँचे।
मतदान केंद्र पर मिले संदिग्ध नाम
मतदान केंद्र क्रमांक 189 के मकान नंबर 70 पर उन्होंने जब मतदाता सूची की पड़ताल की, तो कई संदिग्ध नाम मिले। वहाँ मौजूद ज्योतिबा फुले शाखा नवीन नगर संघ के मुख्य शिक्षक गौतम आर्य सूची में दर्ज नामों को पहचान भी नहीं पाए। कांग्रेस नेता मनोज शुक्ला के अनुसार, इसी एक मकान में 30 फर्जी नाम दर्ज पाए गए। जांच में यह भी सामने आया कि यह मकान वास्तव में संघ का कार्यालय है, जहाँ से चुनावी गतिविधियाँ संचालित होती हैं, जिससे मामला और गंभीर हो गया।

फिजिकल वेरिफिकेशन तेज करने की अपील
दिग्विजय सिंह आगे एक अन्य केंद्र पर पहुँचे, जहाँ उन्होंने बीएलओ प्रतिभा भीलवारे से लापता और संदिग्ध नामों पर सवाल किए, लेकिन बीएलओ संतोषजनक जवाब नहीं दे सकीं। इन अनियमितताओं को देखते हुए दिग्विजय सिंह ने उच्च स्तरीय जांच की मांग की और कहा कि मतदाता सूची में छेड़छाड़ लोकतंत्र के लिए बड़ा खतरा है। उन्होंने आयोग से फील्ड में फिजिकल वेरिफिकेशन तेज और पारदर्शी तरीके से कराने की अपील भी की।
sanjay patidar 
