इंदौर जू में देश का पहला हाईटेक 14-डी थिएटर तैयार, वन्यजीवों का मिलेगा रोमांचक डिजिटल अनुभव
मध्य प्रदेश के सबसे बड़े और प्रसिद्ध प्राणी संग्रहालय, कमला नेहरू चिड़ियाघर में पर्यटकों के लिए एक बेहद अनोखा और रोमांचक आकर्षण शुरू होने जा रहा है। चिड़ियाघर में देश का पहला हाईटेक 14-डी थिएटर तैयार किया गया है। इसके माध्यम से दर्शक वन्यजीवों और पर्यावरण संरक्षण से जुड़ी जानकारियों को एक नए डिजिटल और वास्तविक अनुभव के साथ सीख सकेंगे। इसका निरीक्षण करने पहुंचे महापौर भार्गव ने बताया कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव इसका लोकार्पण करेंगे।
इंदौर जू में बने इस अनोखे थिएटर की सबसे बड़ी खासियत इसकी वास्तुकला और तकनीक है। थिएटर का प्रवेश द्वार एक विशाल गोरिल्ला के मुंह के आकार का बनाया गया है, जबकि एग्जिट द्वार एक हाथी के मुख के आकार का बनाया गया है। इसके भीतर एक आधुनिक भूलभुलैया भी तैयार की गई है, जो बच्चों के लिए मनोरंजन का बड़ा केंद्र होगी।

थिएटर में दर्शकों को 20 मिनट की एक विशेष फिल्म दिखाई जाएगी, जो वन्यजीवों के जीवन और प्रकृति संरक्षण पर आधारित है। 14-डी तकनीक के कारण दर्शक केवल फिल्म देखेंगे ही नहीं, बल्कि उसमें होने वाली हलचलों को असलियत में महसूस भी कर सकेंगे। इसके लिए विशेष तौर पर थिएटर की सीट तैयार की गई हैं, जिन्हें कंप्रेसर के माध्यम से चलाया जाएगा। वहीं हॉलीवुड फिल्मों के दृश्यों की तर्ज पर ड्रैगन और गॉडजिला के मुंह से आग निकलती हुई दिखाई देगी।

इसमें फिल्म के दृश्यों के अनुसार कुल 14 स्पेशल इफेक्ट्स का अनुभव मिलेगा। जैसे बारिश होने पर पानी की बौछारें, तेज आंधी की हवा, बिजली की चमक, कोहरा, सुगंध, बर्फबारी, गर्मी, पैरों में सरसराहट और सीटों का कंपन महसूस किया जा सकेगा।

इसके साथ ही यहां एक डिजिटल जंगल सफारी भी तैयार की गई है। इंदौर नगर निगम के प्रबंधन में चल रहे इस चिड़ियाघर के नए प्रोजेक्ट का मुख्य उद्देश्य मनोरंजन के साथ-साथ शिक्षा को बढ़ावा देना है। आम जनता के लिए इसे बेहद किफायती रखा गया है और इसकी टिकट दर 200 रुपये से भी कम होने की उम्मीद है, ताकि हर वर्ग का व्यक्ति इस बेहतरीन तकनीक का लुत्फ उठा सके।

इस दौरान महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने पूरे परिसर का दौरा किया और थिएटर सहित निर्माण कार्यों व राउंड थिएटर का भी निरीक्षण किया। गौरतलब है कि इससे पहले देशभर में मात्र एक 7-डी थिएटर है, जो गोरखपुर में बना हुआ है, लेकिन उससे आगे बढ़कर इंदौर नगर निगम ने यह थिएटर पीपीपी मॉडल पर तैयार किया है।


