कोलकाता के दुर्गा पूजा पंडाल में भगदड़: 19 लोगों की मौत, 25 घायल
91 साल पुरानने चोरबागान दुर्गा पंडाल हादसा: बारिश से बचने घुसी भीड़ एक-दूसरे पर गिरी, अंधेरा-बारिश और अफरा-तफरी से मची भगदड़, आयोजकों समेत 12 लोग हिरासत में लिए गए
पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में शनिवार शाम दुर्गा पूजा के दौरान बड़ा हादसा हो गया। चोरबागान दुर्गा पूजा पंडाल में भगदड़ मचने से 19 लोगों की मौत हो गई, जबकि 25 लोग घायल बताए गए हैं। मृतकों में दो बच्चे भी शामिल हैं।
हालांकि, कोलकाता मेडिकल कॉलेज के सूत्रों ने 20 लोगों की मौत और 45 से ज्यादा लोगों के घायल होने का दावा किया है। मृतकों और घायलों की संख्या को लेकर अलग-अलग आंकड़े सामने आए हैं।
अमित शाह घायलों से करेंगे मुलाकात
हादसे के बाद केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने अपने कार्यक्रम रद्द कर दिए। वह रविवार सुबह 11 बजे कोलकाता मेडिकल कॉलेज में भर्ती घायलों से मिलने जाने वाले हैं। प्रशासन और पुलिस मामले की जांच कर रहे हैं। हादसे के कारणों और जिम्मेदारी को लेकर जांच के बाद स्थिति स्पष्ट होगी।
आयोजकों समेत 12 लोग हिरासत में
हादसे के बाद पुलिस ने आयोजकों समेत 12 लोगों को हिरासत में लिया है। पंडाल की लाइटें बंद कर दी गईं और लोगों की एंट्री रोक दी गई। सुरक्षा के मद्देनजर शहर के कई अन्य दुर्गा पूजा पंडाल भी बंद कराए गए। चोरबागान का यह पूजा पंडाल करीब 91 साल पुराना बताया जाता है। आयोजन समिति से देवदीप अधिकारी भी जुड़े हैं, जो मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के भतीजे बताए गए हैं। भाजपा विधायक विजय ओझा इस पूजा समिति के अध्यक्ष हैं।
बारिश से बचने के लिए पंडाल में घुसी भीड़
पुलिस के मुताबिक, शनिवार शाम सप्तमी के दौरान बारिश शुरू हो गई थी। बारिश से बचने के लिए बड़ी संख्या में लोग पंडाल के अंदर रुक गए। शाम करीब 7:40 बजे बाहर मौजूद भीड़ ने भी अंदर जाने की कोशिश की। इससे प्रवेश द्वार पर दबाव बढ़ गया और धक्का-मुक्की शुरू हो गई। इसी दौरान भगदड़ मच गई और लोग एक-दूसरे के ऊपर गिरने लगे। बताया गया कि हादसे में 17 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई थी।
अंधेरा और संकरे रास्तों से बढ़ी परेशानी
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, पंडाल की इस बार की थीम ‘बियॉन्ड साउंड’ थी। इसके चलते अंदर रोशनी कम रखी गई थी। पंडाल में प्रवेश और बाहर निकलने के लिए एक-एक गेट था, जो संकरी गलियों में खुलता था। बारिश के बीच भीड़ का दबाव बढ़ने और बाहर निकलने की कोशिश के दौरान हालात बिगड़ गए। एग्जिट गेट के एक हिस्से के गिरने की भी जानकारी सामने आई है। आयोजकों की ओर से लाउडस्पीकर पर की गई घोषणा के बाद अफरा-तफरी बढ़ने की बात भी कही गई है।
Varsha Shrivastava 
