Chrome-Firefox यूजर्स सावधान : 8 डिजिटल सर्टिफिकेट में खामी, 27 अक्टूबर से वेबसाइटों पर असर?

CERT-In ने eMudhra के 8 डिजिटल सर्टिफिकेट में सुरक्षा खामी बताई। 27 अक्टूबर 2026 से Chrome में कुछ वेबसाइटों पर सुरक्षा चेतावनी दिख सकती है।

Chrome-Firefox यूजर्स सावधान : 8 डिजिटल सर्टिफिकेट में खामी, 27 अक्टूबर से वेबसाइटों पर असर?

टेक डेस्क। अगर आप Google Chrome या Mozilla Firefox इस्तेमाल करते हैं तो यह खबर आपके काम की है। सरकार की साइबर सुरक्षा एजेंसी CERT-In ने 21 अक्टूबर को भारतीय कंपनी eMudhra के डिजिटल सर्टिफिकेट में सुरक्षा से जुड़ी बड़ी खामी को लेकर अलर्ट जारी किया है। कंपनी के आठ डिजिटल सर्टिफिकेट की सुरक्षा में कमजोरी मिली है। इनमें छह वेबसाइटों की पहचान से जुड़े थे और दो सॉफ्टवेयर से संबंधित थे।

डिजिटल सर्टिफिकेट में क्या कमजोरी थी

इंटरनेट पर किसी वेबसाइट की असली पहचान साबित करने के लिए डिजिटल सर्टिफिकेट का इस्तेमाल होता है। इसके साथ एक खास डिजिटल कोड भी जुड़ा होता है। CERT-In की एडवाइजरी के मुताबिक eMudhra के इन आठ सर्टिफिकेट से जुड़े कोड बनाने का तरीका कमजोर था। इसकी वजह से कोई जानकार व्यक्ति उस कोड का पता लगा सकता था और गलत इस्तेमाल कर सकता था। इससे नकली वेबसाइट असली जैसी दिखाई दे सकती थी।

हैकर्स कैसे धोखाधड़ी कर सकते थे

मान लीजिए आप बैंक की वेबसाइट खोल रहे हैं। ब्राउजर वेबसाइट की पहचान जांचता है। अगर हैकर के पास डिजिटल कोड आ जाए तो वह नकली सर्टिफिकेट बनाकर फर्जी साइट को असली जैसा दिखा सकता है। सॉफ्टवेयर वाले दो सर्टिफिकेट की गुप्त कुंजियों के गलत इस्तेमाल से खतरनाक प्रोग्राम को भरोसेमंद कंपनी के सॉफ्टवेयर जैसा भी दिखाया जा सकता था। फिलहाल डेटा चोरी का कोई सबूत नहीं मिला है। eMudhra का कहना है कि इन सर्टिफिकेट से आगे कोई नया सर्टिफिकेट जारी नहीं किया गया।

Google और Mozilla ने क्या उठाए कदम 

Google और Mozilla ने प्रभावित वेबसाइट सर्टिफिकेट को ब्लॉक कर दिया है। ब्राउजर अब इन पर भरोसा नहीं करेगा। Mozilla ने Firefox के नए वर्जन भी जारी किए हैं। Google ने eMudhra के ‘emSign ECC Root CA - G3’ मुख्य सर्टिफिकेट को 27 अक्टूबर 2026 से Chrome की भरोसेमंद सूची से हटाने का फैसला किया है। इसके बाद कुछ असली वेबसाइटों पर सुरक्षा चेतावनी दिख सकती है।

यूजर्स और संगठनों को क्या करना चाहिए

सबसे पहले Chrome, Firefox और ऑपरेटिंग सिस्टम को अपडेट रखें। अगर किसी वेबसाइट पर कनेक्शन सुरक्षित नहीं की चेतावनी दिखे तो उसे नजरअंदाज न करें। खासकर बैंक, पेमेंट या खरीदारी वाली साइट पर पासवर्ड या कार्ड डिटेल न डालें। सरकारी विभागों और कंपनियों को जांच करनी होगी कि उनकी वेबसाइट इस प्रभावित व्यवस्था पर निर्भर तो नहीं है। जरूरत पड़ने पर नया भरोसेमंद सर्टिफिकेट लेना होगा।